चंडीगढ़: पंजाब में नशों के सेवन और संक्रामक बीमारियों के खिलाफ चल रही लड़ाई को और तेज करने के उद्देश्य से सरकारी नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्रों में जल्द ही एचआईवी, हेपेटाइटिस-बी और हेपेटाइटिस-सी की जांच के लिए ट्रिपल एच स्क्रीनिंग शुरू की जाएगी।
यह फैसला भगवंत मान सरकार की ‘युद्ध नशेयां विरुद्ध’ पहल का हिस्सा है। इसका उद्देश्य नशे की लत से जूझ रहे लोगों को गुणवत्तापूर्ण उपचार उपलब्ध कराने के साथ-साथ राज्य में रक्त के माध्यम से फैलने वाली बीमारियों की रोकथाम करना है। एचआईवी, हेपेटाइटिस-बी और हेपेटाइटिस-सी जैसे वायरल संक्रमण एक ही सुई और सिरिंज को बार-बार इस्तेमाल करने के कारण फैल सकते हैं।
नई पहल के तहत जांच को समय-समय पर लगाए जाने वाले शिविरों तक सीमित रखने के बजाय सीधे नशा मुक्ति और पुनर्वास प्रक्रिया से जोड़ा जाएगा। इससे नियमित रूप से जांच के अवसर उपलब्ध होने के साथ-साथ ऐसे लोगों की पहचान करने में भी मदद मिलेगी, जिन्हें आगे की जांच, उपचार या निरंतर चिकित्सकीय देखभाल की आवश्यकता है।
