गौरतलब है कि इससे पहले साल 2008 में पंजाब में अकाली-भाजपा गठबंधन सरकार के कार्यकाल में भी चहल के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप में केस दर्ज किया गया था। हालांकि बाद में साल 2016 में पटियाला की एक स्थानीय अदालत ने चहल को इस केस में बरी कर दिया था। इस संबंध में डीएसपी विजिलेंस सतपाल शर्मा को फोन पर संपर्क किया गया लेकिन उन्होंने कुछ भी टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। चहल का पटियाला के नजदीक सरहिंद रोड पर एक आलीशान मैरिज पैलेस है।
इसके अलावा पटियाला में चहल का एक शॉपिंग कांप्लेक्स भी है। दिसंबर 2022 में विजिलेंस ने चहल की संपत्तियों पर छापा मारा था। इस दौरान चहल की संपत्तियों का मूल्यांकन किया गया था। साथ ही इन संपत्तियों के दस्तावेजों की भी जांच की गई थी। बता दें कि पंजाब में कांग्रेस की सरकार में चहल तत्कालीन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के 2002 से 2007 तक मीडिया सलाहकार रहे हैं। कांग्रेस की सरकार में ही 2017 से 2021 तक भरतइंद्र सिंह को कैबिनेट रैंक मिली थी।