चंडीगढ़: मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार समाज के हर वर्ग के कल्याण को विशेष प्राथमिकता देते हुए आंगनवाड़ी वर्करों और हेल्परों के हितों की रक्षा के लिए पूरी गंभीरता एवं संवेदनशीलता से कार्य कर रही है। इसी कड़ी में सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने आज पंजाब सिविल सचिवालय स्थित अपने कार्यालय में आंगनवाड़ी वर्करों और हेल्परों के संगठनों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने आश्वासन दिया कि उनकी हर जायज मांग का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाएगा।
बैठक के दौरान कैबिनेट मंत्री ने संगठनों के प्रतिनिधियों द्वारा उठाए गए प्रत्येक मुद्दे और सुझाव को पूरी गंभीरता एवं ध्यानपूर्वक सुना। बैठक आपसी विश्वास, सौहार्दपूर्ण वातावरण और रचनात्मक विचार-विमर्श के साथ संपन्न हुई। इससे सरकार और आंगनवाड़ी कर्मचारियों के बीच बेहतर तालमेल को और मजबूती मिली। डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि जिन मामलों का समाधान विभागीय स्तर पर किया जा सकता है, उन्हें बिना किसी अनावश्यक देरी के निपटाया जाएगा। वहीं, सरकार के स्तर पर विचार किए जाने वाले मांगों से संबंधित मामलों के शीघ्र समाधान के लिए भी प्राथमिकता के आधार पर हर संभव प्रयास किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी वर्कर और हेल्पर माताओं, बच्चों तथा समाज के कमजोर वर्गों तक सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उनकी निष्ठा, मेहनत और समर्पण राज्य के सामाजिक विकास की मजबूत नींव हैं। पंजाब सरकार उनकी सेवाओं का पूरा सम्मान करती है और उनके जायज अधिकारों की रक्षा के लिए हमेशा प्रतिबद्ध रहेगी। कैबिनेट मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि संगठनों द्वारा उठाए गए जायज मामलों की तत्काल जांच कर निर्धारित समय-सीमा के भीतर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही, संगठनों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखा जाए, ताकि उनकी समस्याओं का समयबद्ध समाधान किया जा सके।
बैठक का समापन आपसी विश्वास और सकारात्मक सहमति के माहौल में हुआ। इस अवसर पर डॉ. बलजीत कौर ने दोहराया कि पंजाब सरकार पारदर्शी प्रशासन, रचनात्मक संवाद और जनहितैषी सोच के साथ आंगनवाड़ी वर्करों और हेल्परों के जायज हितों की रक्षा के लिए निरंतर कार्य करती रहेगी। इस बैठक में विधायक श्री जगदीप कंबोज गोल्डी और श्री नरिंदर पाल सिंह सवना के अलावा सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रमुख सचिव श्री गुरकीरत कृपाल सिंह, निदेशक डॉ. शेना अग्रवाल तथा विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी विशेष रूप से उपस्थित थे।
