अमृतसरः कमिश्नरेट पुलिस ने मकबूलपुरा के कई इलाकों में बड़े पैमाने पर कासो घेराबंदी और तलाशी अभियान चलाया। एडीजीपी एमएफ फारूकी और पुलिस कमिश्नर हरमनबीर सिंह गिल ऑपरेशन की निगरानी के लिए मौके पर पहुंचे। मीडिया से बात करते एडीजीपी फारूकी ने कहा कि पंजाब पुलिस और अधिकारी पंजाब सरकार द्वारा ड्रग्स के खिलाफ शुरू किए अभियान के तहत पूरी लगन और लगातार काम कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि ड्रग्स की बरामदगी और मामले दर्ज करने के मामले में अभूतपूर्व कार्रवाई की गई है, और नशीले पदार्थों की बिक्री और वितरण में शामिल लोगों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। उन्होंने जानकारी दी कि कासो के दौरान 7 किलो से ज्यादा हेरोइन और 4.25 किलो अफीम बरामद की गई। इसके अलावा कई लोगों को पकड़ा गया है और पुलिस ऑपरेशन जारी है।
फारूकी ने कहा कि पंजाब पुलिस पाकिस्तान की नार्को-टेररिज्म की कोशिशों को नाकाम करने के लिए पूरी तरह सतर्क है। उन्होंने कहा कि हालांकि अपनी भौगोलिक स्थिति और पाकिस्तान के साथ सीमा के कारण पंजाब को अक्सर निशाना बनाया जाता है, लेकिन पुलिस का इंटेलिजेंस नेटवर्क और गांव-स्तर की निगरानी प्रणालियां इस सप्लाई चेन को तोड़ने के लिए सक्रिय रूप से काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि ड्रग्स बेचने वालों और डिस्ट्रीब्यूटर्स के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। बड़े तस्करों को गिरफ्तार करने के साथ-साथ, अधिकारी ड्रग्स के पैसे से बनाई अवैध संपत्ति को जब्त कर रहे हैं और अवैध ढांचों को गिरा रहे है। ADGP ने बताया कि पुलिस पहले से पहचाने गए इलाकों पर नजर रखती है। इसके बाद इलाके की घेराबंदी करके और तलाशी अभियान शुरू करके अचानक छापेमारी की जाती है। इस तरीके से असामाजिक तत्वों को भागने का मौका नहीं मिलता और उनमें यह डर पैदा होता है कि पंजाब पुलिस किसी भी समय उन तक पहुंच सकती है।