जालंधर, ENS: राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग के उपाध्यक्ष हरदीप सिंह गिल ने जालंधर में सफाई कर्मचारियों और सीवरमैनों की समस्याओं को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक की। प्रेस वार्ता के दौरान कर्मियों को आ रही मुश्किलों को लेकर चेयरमैन ने कहाकि यह मुद्दा पंजाब का ही नहीं है, वह देश भर में घूम चुके है और देश भर में यह परेशानी है। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को हल करने के लिए उनके द्वारा कार्रवाई शुरू कर दी गई है। वहीं एजुकेशन को लेकर कहा कि मां-बाप के काम पर चले जाने से बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे, ऐसे में उन बच्चों की पढ़ाई को लेकर उनके द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा गया है, जिसमें बच्चों की पढ़ाई को लेकर जवाहर नवोदय विद्यालय की तर्ज पर भगवान वाल्मीकि के नाम पर या बाबा साहेब के नाम स्कूल पंजाब में बनाए जाए, ताकि बच्चे उस स्कूल में पढ़ाई कर सके और वहीं पर उनके रहने की सुविधा हों।
इस दौरान उन्होंने घोषणा की कि आजादी के बाद पहली बार वाल्मीकि समाज के स्वतंत्रता सेनानियों, महापुरुषों और नायकों के योगदान को नमन करने के लिए देश की राजधानी दिल्ली में एक ‘राष्ट्रीय स्मारक’ (नेशनल मेमोरियल) बनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल द्वारा इस ऐतिहासिक स्मारक का ऐलान किया गया है, जिसके लिए केंद्र सरकार द्वारा फंड आवंटित कर दिए गए हैं और अगले 6 महीनों के भीतर जमीन फाइनल कर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
बैठक में पंजाब के बर्न पुलिस व प्रशासनिक ढिलाई पर बात करते हुए हरदीप सिंह गिल ने बताया कि बरनाला हादसे का आयोग ने तुरंत स्वतः संज्ञान (Suo Moto) लिया था। इस मामले में पुलिसकर्मियों पर त्वरित कार्रवाई कराने के साथ ही पीड़ितों के मुआवजे और इलाज का पूरा खर्च जिला प्रशासन से वहन कराया गया। उन्होंने खुलासा किया कि इस पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और माननीय सुप्रीम कोर्ट को सौंप दी गई है। अब यह मामला सुप्रीम कोर्ट और गृह मंत्रालय के सीधे अधिकार क्षेत्र में है और इस पर सख्त कार्रवाई चल रही है।
गिल ने कहा कि सफाई कर्मचारियों और सीवरमैनों के अधिकारों के मामले में पंजाब देश के अन्य राज्यों की तुलना में सबसे पीछे खड़ा है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग ने केंद्र सरकार को सीवरमैनों के लिए ‘रिस्क अलाउंस’ (जोखिम भत्ता), न्यूनतम वेतन में बढ़ोतरी, श्रम श्रेणी के वर्गीकरण (Fully Skilled Category) और एक साझा हेल्थ इंश्योरेंस कार्ड की सिफारिश भेजी है। इसके अलावा ‘नमस्ते योजना’ और ‘NKSFC’ के तहत मशीनीकरण और वाहन खरीदने पर 25 से 50 फीसदी तक की छूट (सब्सिडी) दी जा रही है, जिसका लाभ पंजाब के कर्मचारियों को भी उठाना चाहिए।
गिल ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार वाल्मीकि समाज और वंचित वर्गों के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने के लिए पूरी तरह गंभीर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा अयोध्या में महर्षि वाल्मीकि के नाम पर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का निर्माण और वाल्मीकि समाज को सम्मान देना इसी सोच का हिस्सा है। उन्होंने यूनियनों और कर्मचारी नेताओं से एकजुट होकर मांग पत्र सौंपने और सकारात्मक चर्चा करने की अपील की, ताकि चंडीगढ़ और दिल्ली स्तर पर अधिकारियों के साथ बैठकर वर्षों से लंबित स्थायीकरण, पदोन्नति और संविदा (आउटसोर्सिंग) से जुड़ी समस्याओं का स्थायी कानूनी समाधान निकाला जा सके।