नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने गुरुवार को नासिक में प्रदर्शन कर रहे आदिवासी छात्रों से अपनी भूख हड़ताल को खत्म करने की अपील कर दी है। उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं की होती उनको अपना संघर्ष ऐसे ही जारी रखना चाहिए। दीपके की ओर से नासिक में प्रदर्शन करने वाले छात्रों से मुलाकात की गई। उन्होंने कहा कि आदिवासी छात्रों को मिलने वाली सुविधाओं, भोजन और शिक्षा में असमानता पूरी तरह अस्वीकार्य है।
मुंबई तक भी करेंगे मार्च
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा है कि – ‘नासिक में उन आदिवासी छात्रों के साथ मुलाकात की। जो कि 12 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठके हुए हैं। उन्हें मिलने वाली सुविधाएं, भोजन और शिक्षा में भारी असमानता पूरी तरह से अस्वीकार्य है। इसी कारण से 2 सालों के अंदर 590 आदिवासी छात्रों की मौत हो गई है। दीपके ने कहा कि – मैंने उनसे उनकी सेहत को देखते हुए भूख हड़ताल खत्म करने के लिए कहा है परंतु उन्होंने उन्हें अपनी मांगें पूरी होने तक संघर्ष जारी रखना चाहिए। जरुरत पड़ने पर हम सभी मिलकर मुंबई तक भी मार्च करेंगे’।
Met with the tribal students in Nashik who have been on a hunger strike for 12 days. The vast disparity in the facilities, food, and education they receive is completely unacceptable. This led to death of 590 tribal students within 2 years.
I urged them to call off the strike… pic.twitter.com/IJzt9whdVK
— Abhijeet Dipke (@abhijeet_dipke) September 3, 2026
आगे अभिजीत दीपके ने कहा कि अभी भी एक छात्र की हालत गंभीर है। उसको अस्पताल भी ले जाया गया है। सबसे जरुरी सवाल यहां पर यह है कि ये छात्र 12 दिन से भूख हड़ताल पर बैठे हैं पर वो क्या मांग कर रहे हैं कि उन्हें अच्छा खाना मिले। हॉस्टल अच्छा मिले स्कूल अच्छे हो जाएं। इसके लिए आपको भी 12 दिनों तक भूखे ही रहना पड़ेगा पर क्या हो रहा है देश में आखिर सरकार कब जागेगी? इन लोगों को आप वोट तो डाल लेते हो जमीन लेते हो जमीन हड़पड़ते हो पर जब ये अच्छी शिक्षा मांगते है अच्छे स्कूल मांगते हैं अच्छे हॉस्टल मांगते हैं तो आप इन पर मामले दर्ज करते हैं। इन पर केस भी दर्ज किए गए।
‘मैं मंत्रियों से पूछना चाहता हूं’
दीपके ने कहा कि जब आदिवासी बच्चे अपने हक के लिए लड़ेंगे तो सरकार केस दर्ज करेगी। उन्होंने सरकार से सवाल भी पूछा है। उनका कहना है कि – ‘क्या आप अपने बच्चों को वही खाना खिलाएंगे जो इन बच्चों को मिलता है रात के 2 बजे खाना बनता है और इन बच्चों को वह दोपहर में खाने को मिलता है। मैं मंत्रियों से यह पूछना चाहता हूं कि क्या आपके बच्चे यह खाना खाएंगे’।
बता दें कि महाराष्ट्र के अलग-अलग हिस्सों से आए हुए 100 से ज्यादा आदिवासी छात्र नासिक के ईदगाह मैदान में प्रदर्शन कर रहे हैं। इसमें से 3 छात्र ऐसे भी हैं जो कि भूख हड़ताल पर बैठे हैं।