पीलीभीतः उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में विभिन्न दुकानों और गोदामों से नकली सामान का जखीरा बरामद किया गया है। जिन्हें असली पैकिंग में बेचा जा रहा था। दरअसल, पीलीभीत के सुनगढ़ी थाना क्षेत्र में ब्रांडेड उत्पादों के नाम पर नकली सामान बेचने वाले गिरोह के खिलाफ पुलिस और निजी जांच टीम ने संयुक्त कार्रवाई की है। इस दौरान डुप्लीकेट हार्पिक, वीट क्रीम और कोलिन की बिक्री का पर्दाफाश किया गया। पीलीभीत में डुप्लीकेट हार्पिक, वीट क्रीम और कोलिन की बिक्री का भंडाफोड़ हुआ है। कंपनी के प्रतिनिधि की शिकायत पर सुनगढ़ी थाना क्षेत्र के गोदाम और कोतवाली क्षेत्र में 6 दुकानों-गोदाम में छापा मारा गया, जहां डुप्लीकेट सामान की बरामदगी हुई है।
अल्फा इंटेलिजेंस सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के अनुसंधान अधिकारी बिहार के बेगूसराय जिले के बलिया निवासी संजीत कुमार पासवान ने सुनगढ़ी थाना और कोतवाली पुलिस को तहरीर दी है। इसमें बताया कि उनकी कंपनी को रेकिट वेंकिशर इंडिया लिमिटेड की पावर ऑफ अटॉर्नी प्राप्त है। सूचना मिली थी कि पीलीभीत में कंपनी के नाम पर क्लीनिंग और कॉस्मेटिक के डुप्लीकेट उत्पाद बेचे जा रहे हैं। इसके सत्यापन के लिए एक छापेमारी दल गठित किया गया। इसमें उनके साथ लालचंद, मोनी कुमार, सुनील कुमार को शामिल किया गया। सुनगढ़ी पुलिस और इंटेलिजेंस टीम ने शैलेंद्र अग्रवाल के गोदाम पर छापा मारा।
तलाशी के दौरान वहां से हार्पिक 200 ml की 103 नकली बोतलें बरामद की गईं। जांच में कोतवाली क्षेत्र में 6 दुकानों पर नकली सामान मिला। वहीं सुनगढ़ी क्षेत्र में भी एक बरातघर के पास गोदाम से डुप्लीकेट सामान मिला है। अनुसंधान अधिकारी की तहरीर पर सुनगढ़ी और कोतवाली पुलिस ने इन सभी स्थानों पर छापा मारकर नकली हार्पिक, वीट क्रीम और कोलिन क्लीनिंग उत्पाद बरामद किया है। छापेमारी से व्यापारियों में खलबली मची है। पुलिस के मुताबिक, गोदाम मालिक शैलेंद्र अग्रवाल वैध बिल या दस्तावेज पेश नहीं कर सका। इसके बाद बरामद माल को जब्त कर लिया गया और आरोपी को हिरासत में लेकर थाने लाया गया है।
