नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के कश्मीर गेट इलाके में 24 फरवरी की रात फायरिंग हुई। लॉरेंस बिश्नोई के वकील के पति जिस कार में सवार थे उस पर अज्ञात हमलावरों ने हमला कर दिया। एक के बाद एक गोली चलाने की वजह से एक शख्स घायल हो गया। पुलिस ने बताया कि यह घटना रात करीब 10.15 बजे मरघट वाले हनुमान मंदिर के पास हुई। जांच करने वालों के मुताबिक, गाड़ी पर पीछे से कम से कम चार राउंड फायरिंग की गई। गाड़ी में सवार एक आदमी, जिसकी पहचान संदीप के तौर पर हुई है, के कंधे में गोली लगी है।
उसे हॉस्पिटल ले जाया गया और उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। वहीं इस हमले की जिम्मेदारी राहुल फतेहपुर और नवीन बॉक्सर ने ली है। सोशल मीडिया पर शेयर की पोस्ट में दीपक खत्री को लॉरेन्स का करीबी बताया और कहा कि लॉरेन्स के लिए मुखबरी करने के चलते ये हमला किया गया है। राहुल फतेहपुर ने अपनी पोस्ट में लिखा, “आज जो ये दीपक खत्री (वकील) पर हमला हुआ है उसकी जिम्मेदारी हम लेते है ये लॉरेंस के लिए मुखबिरी और दलाली करता है और ये जो तू फिरौती की सेटिंग करवाता है और मुलाकात पर जाके तू इन्फॉर्मेशन लाता है वो बंद करदे नहीं तो तेरी हरकतों की सजा तेरे पूरे परिवार को भुगतनी पड़ेगी।”
पोस्ट में लिखा, “आज तो भगवान का शुक्र कर आज तू बच गया अभी भी समय है सुधर जा और हमारे जितने भी दुश्मन है जो लॉरेंस को बदमाश मानते है वो समय रहते सुधर जाना नहीं तो अंजाम बुरा होगा।” बता दें कि गाड़ी में मौजूद वकील दीपक खत्री ने कहा कि हमला होने पर ग्रुप मंदिर से निकला ही था। खत्री ने कहा, “कार मुश्किल से 10-20 मीटर ही चली थी कि हमें गोलियों की आवाज सुनाई दी। जब हमने पीछे मुड़कर देखा, तो गोलियां चल रही थीं। हम तुरंत भाग निकले।”
उन्होंने कहा कि उनके पीछे बैठे संदीप को गोली लगी। उन्होंने कहा, “हम थोड़ी देर रुके और उसे सीधे हॉस्पिटल ले गए। मैं हमलावरों को साफ नहीं देख पा रहा था।” उस समय कार में पांच लोग थे। खत्री की पत्नी, जो लॉरेंस बिश्नोई की तरफ से केस लड़ रही हैं, वहां मौजूद नहीं थीं। पुलिस सूत्रों ने बताया कि इलाके के सीसीटीवी फुटेज को एनालाइज़ किया जा रहा है। शुरुआती जांच से पता चलता है कि मोटरसाइकिल पर सवार तीन लोगों ने कार का पीछा किया और भागने से पहले फायरिंग की। एक फोरेंसिक टीम ने मौके की जांच की। घटना के तुरंत बाद रिकॉर्ड किए गए वीडियो में गाड़ी की पिछली खिड़की टूटी हुई दिख रही है। स्पेशल सेल और क्राइम ब्रांच मिलकर मामले की जांच कर रहे हैं।