गुरदासपुरः कलानौर के अप्परबारी दोआब नहर से निकलने वाला रानिया रजबाहा विर्क गांव के निकट टूट गया। रजबाहा टूटने के कारण आसपास के सैकड़ों एकड़ कृषि क्षेत्र में पानी फैल गया। घटना के बाद किसानों जल्द मरम्मत कार्य शुरू किए जाने की मांग कर रहे हैं। जानकारी के अनुसार वीरवार रात को विर्क और अठवाल गांवों के बीच रजबाहा अचानक टूट गया। बताया जा रहा है कि टूटने वाले स्थान पर करीब 25 फुट चौड़ी दरार बन गई, जिससे तेज बहाव के साथ पानी आसपास के खेतों में फैलने लगा। देखते ही देखते बड़ी मात्रा में पानी कृषि भूमि में जमा हो गया और कई खेत जलमग्न हो गए।
इस घटना से माइनर नंबर एक, दो और तीन के अंतर्गत आने वाले दर्जनों गांवों में नहरी पानी की आपूर्ति भी प्रभावित हो गई है। स्थानीय किसानों ने बताया कि रजबाहा टूटने से सिंचाई व्यवस्था पर सीधा असर पड़ा है। माइनर नंबर एक, दो और तीन के अधीन आने वाले अनेक गांवों तक नहरी पानी की आपूर्ति बंद हो गई है। इससे धान समेत अन्य फसलों की सिंचाई प्रभावित होने की आशंका बढ़ गई है। किसानों का कहना है कि यदि जल्द मरम्मत नहीं हुई तो खेती कार्य प्रभावित हो सकता है। घटना की सूचना मिलने के बाद किसानों ने नहर विभाग को जानकारी दी।
क्षेत्र के लोगों का कहना है कि नहर तंत्र में आई इस खराबी को जल्द दूर किया जाना चाहिए ताकि खेतों में फैले पानी को नियंत्रित किया जा सके और प्रभावित गांवों को फिर से पानी उपलब्ध कराया जा सके। इस संबंध में नहर विभाग के उपमंडल अधिकारी संजीव कुमार ने बताया कि उन्हें रजबाहा टूटने की सूचना मिल चुकी है। विभागीय टीम मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण करेगी। निरीक्षण के बाद टूटे हुए हिस्से को भरने और मरम्मत का कार्य तत्काल शुरू किया जाएगा। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता के आधार पर मरम्मत कर नहरी पानी की आपूर्ति बहाल करने का प्रयास किया जाएगा। वहीं किसान उम्मीद कर रहे हैं कि प्रशासन शीघ्र कार्रवाई कर नुकसान को कम करने के लिए प्रभावी कदम उठाएगा। फिलहाल विभागीय टीम मौके पर पहुंचने की तैयारी में जुटी हुई है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
