पंचकूलाः जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक की गई। बैठक की अध्यक्षता हरियाणा के विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पवार द्वारा की गई। बैठक में कालका से विधायक शक्ति रानी शर्मा और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता मौजूद रहे। जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में लोगों से जुड़े 10 मुद्दों को लेकर सुनवाई की गई, जिनमें से 6 मुद्दों का मौके पर निपटारा किया गया और चार मुद्दों को पेंडिंग में रखा गया। इसके अतिरिक्त पंचकूला जिले के विभिन्न क्षेत्रों में हो रही माइनिंग को लेकर ग्रामीणों के द्वारा मंत्री कृष्ण लाल पवार के समक्ष माइनिंग रुकवाने और अधिकारियों के द्वारा अनदेखी किए जाने की बात भी की गई।
बैठक के पश्चात मीडिया से बातचीत करते हुए कृष्ण लाल पवार ने बताया कि आज की बैठक में 10 समस्याओं में से 6 का निपटारा किया गया और सभी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जो शिकायतें पुरानी है उन्हें निपटाया जाए और कोई भी मामला पेंडिंग नहीं रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि कई ऐसे मामले हैं जो कई सालों से लंबित चल आ रहे हैं और हम हर मीटिंग में कोशिश करते हैं कि लंबित मामलों को जल्द से जल्द निपटाया जा सके और भविष्य में भी कोशिश करेंगे कि मामलों को निपटाया जाए। जिले में बढ़ते माइनिंग के मामलों को लेकर बोलते हुए कहा कि माइनिंग विभाग के अधिकारियों और पुलिस के डीसीपी को भी निर्देश दिए हैं कि जो रात के समय में माइनिंग हो रही है उसे पर सख्त कार्रवाई की जाए और अधिकारियों को भी निर्देश दिया है कि रात के समय में गस्त बढ़ाएं। उन्होंने कहा कि स्टाफ की सख्ती से ड्यूटी लगाई जाएगी ताकि अवैध माइनिंग ना हो।
कांग्रेस द्वारा वोट चोरी मामले को लेकर किए प्रदर्शन पर बोलते कहा कि कांग्रेस के पास कोई मुद्दा नहीं है अगर भारतीय जनता पार्टी वोट चोरी करती 2019 में लोकसभा के जो चुनाव थे कांग्रेस की 52 सीट आई थी और 2024 में 99 सीट आई थी। अगर भारतीय जनता पार्टी वोट चोरी करती 52 से 99 नहीं होनी चाहिए थी बल्कि घटनी चाहिए थी उन्होंने कहा कि कांग्रेस लोगों और कार्यकर्ताओं को गुमराह कर रही है और देश की जनता ने मन बना रखा है। तीन बार भारतीय जनता पार्टी की सरकार हरियाणा में बनी है और जनता का मन पहले ही बन चुका था। केंद्र में हरियाणा में भाजपा की ही सरकार है। ज्ञानेश कुमार के इस्तीफा दिए जाने की मांग को लेकर बोलते कहा कि यह संवैधानिक पोस्ट है और मांग करना अलग चीज है और जब तक फैक्ट सामने ना आए इस पर बोलना उचित नहीं है मांग तो किसी भी बात को लेकर की जा सकती है तथ्य सामने आए तभी जवाब देना चाहिए।