जालंधर, ENS: बस स्टैंड पर देर रात देह व्यापार का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा। हैरानी की बात यह है कि कुछ दूरी पर पुलिस चौकी है, लेकिन उसके बावजूद सरेआम देह व्यापार का धंधा चल रहा है और पुलिस बे-खबर है। लोगों का कहना है कि देर रात 9 बजते ही खुलेआम देह व्यापार शुरू हो जाता है। लड़कियां तंग कपड़ों में यहां रोड के किनारे आकर खड़ी हो जाती हैं। जैसे ही कोई कार रुकती है तो तुरंत आकर सौदेबाजी शुरू कर देती हैं। होटल से लेकर पर्सनल जगह तक की व्यवस्था भी उनकी होती है। लोगों का कहना है वह काफी परेशान है, लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही।
Jalandhar News: सरेआम सड़क पर चल रहा देह व्या/पार, फिर भी पुलिस बे-खबर, लोग परेशान#JalandharNews #CrimeNews #PoliceAlert pic.twitter.com/gm4KwVd66r
— EncounterIndia (@encounterindia) August 17, 2026
इसके घटना के सामने आने के बाद पत्रकार द्वारा 15 दिन तक यहां रात के वक्त फर्जी कस्टमर बनकर पूरे धंधे की पड़ताल की। इस दौरान पाया गया कि यहां पर सच में सरेआम धंधा चलने के कारण लोग परेशान है। जिसके बाद पत्रकार द्वारा 4 लड़कियों से बातचीत की गई। जिसमें उन्होंने बिना किसी झिझक के न केवल अपने रेट बताए बल्कि जगह के बारे में भी बताया। जब लड़की डील फाइनल कर लेती है तो फिर इसमें उनके दलाल की एंट्री होती है। वही फिर होटल या किसी सीक्रेट जगह का बंदोबस्त करता है।
पहली लड़की बोली- जगह की व्यवस्था हम कर लेंगे
लड़की: हेलो
रिपोर्टर: हेलो, कैसी हो?
लड़की: बढ़िया
रिपोर्टर: क्यों बुलाया?
लड़की: 1500 रुपए पर शॉट चाहिए।
रिपोर्टर: फुल नाइट का क्या है?
लड़की: कितने लोग हैं?
रिपोर्टर: 2 ही लोग हैं।
लड़की: 8 हजार लगेंगे।
रिपोर्टर: ये तो बहुत ज्यादा हैं। दूसरी लड़की तो सिंगल शॉट का एक हजार बोल रही थी।
लड़की: वो आंटी होगी।
रिपोर्टर: नहीं, वह लड़की थी।
लड़की: एक बात बताऊं? आपके पास अच्छा मौका है। उससे ही मिल लो फिर।
रिपोर्टर: वह लड़की ढंग की नहीं लगी। तुम कितना लेती हो फुल नाइट का?
लड़की: 7 हजार दे देना। इससे कम नहीं होगा।
रिपोर्टर: आपके साथ कोई और भी लड़की है क्या?
लड़की: हां, लेकिन 2 लड़कियों का 10 हजार लगेगा।
रिपोर्टर: अच्छा, 5 हजार रुपए एक लड़की के?
लड़की: हां।
(इसके बाद रिपोर्टर ने उनका मिनिमम रेट कन्फर्म करने के लिए मोलभाव किया)
रिपोर्टर: 2 लड़कियों का 7 हजार ले लेना।
लड़की: अगर दूसरी लड़की आएगी तो उसे भी पूरा हिस्सा चाहिए होगा। 10 हजार में हम दोनों एडजस्ट कर लेंगे।
रिपोर्टर: वह लड़की आपकी फ्रेंड है क्या?
लड़की: वो छोड़ो आप। आप बस बताओ।
ग्राहक: किस जगह चलना है?
लड़की: व्यवस्था हम कर लेंगे। आप रहने दो।
(हालांकि इस दौरान इतनी बातचीत देख उसे शक हो गया कि ये रियल कस्टमर नहीं हैं। वह तुरंत वहां से भाग निकली।)
जिसके बाद दूसरी लड़की बोली- फुल नाइट के 8 हजार रुपए
इसके बाद रिपोर्टर कुछ दूर आगे बढ़ा तो एक और लड़की मिल गई। उसने भी बिना किसी झिझक के हाय-हेलो छोड़ सीधे सौदेबाजी शुरू कर दी। देह व्यापार के धंधे को एक्सपोज करने के लिए रिपोर्टर ने भी उससे कस्टमर बनकर बातचीत शुरू कर दी।
लड़की: सर्विस चहिए थी।
रिपोर्टर: हां
लड़की: हजार रुपए का एक शॉट होगा।
रिपोर्टर: यह तो ज्यादा है।
लड़की: बहुत ज्यादा कहां है? सब कुछ करवाऊंगी भी।
रिपोर्टर: लेकर कहां जाओगी?
लड़की: आप अपने प्लेस पर लेकर जाओ या गाड़ी में या रुम या कहीं भी।
रिपोर्टर: फुल नाइट का क्या चार्ज है?
लड़की: 8 हजार रुपए। कहां लेकर जाएंगे?
रिपोर्टर: होटल जा सकती हो।
लड़की: हां, उसका 7 हजार लग जाएगा।
रिपोर्टर: आपके साथ कोई अन्य लड़की है?
लड़की: नहीं, अकेली हूं।
रिपोर्टर: नंबर है तो दे दो। 10 मिनट में कॉल करते हैं।
लड़की: नहीं।
(चूंकि रिपोर्टर की लड़की से सारी बातचीत हो चुकी थी, इसलिए उससे बातचीत में टालमटोल शुरू कर दी, जिससे लड़की समझ गई कि ये कोई असली कस्टमर नहीं और वह किसी दूसरे की तलाश में वहां से चली गई।)
इसी तरह तीसरी लड़की ने कहा- लोग 5 हजार दे जाते हैं।
इसके बाद पत्रकार आगे बढ़े तो रोड के किनारे एक और लड़की मिल गई। शायद उसने पहले लड़की से बातचीत करते देख लिया था। उसे लगा कि उसके साथ सौदा नहीं हुआ तो वह खुद ही सौदेबाजी करने के लिए बिना किसी झिझक के सीधे बात करने लगी।
लड़की: हेलो, 1500 रुपए चार्ज होगा एक शॉट का। बिना प्रोटेक्शन के 2500 लगेंगे।
रिपोर्टर: फुल नाइट का कितना होगा, एक लड़की का?
लड़की: फुल नाइट एक बंदे का 3000 रुपए।
रिपोर्टर: रूम किधर है?
लड़की: रूम में ले जाएंगे। सस्ते रूम होंगे।
रिपोर्टर: अगर हमारे होटल में ले जाना हो तो?
लड़की: हां, चली जाऊंगी।
रिपोर्टर: कुछ ज्यादा पैसे बता रही हो।
लड़की: नहीं, सही है। एक बंदी का 5000 गाड़ी वाले दे जाते हैं।
रिपोर्टर: सही बताओ?
लड़की: नहीं, बिल्कुल सही है।
(रिपोर्टर ने बार-बार रेट ज्यादा होने की बात कही तो लड़की समझ गई कि ये कोई सौदेबाजी करने वाले नहीं है, इसलिए वह वहां से चली गई।)
वहीं चौथी लड़की बोली- होटल नहीं साइड में चलेंगे
लड़की खुद ही गाड़ी देखकर पास में आ गई। उसने आते ही साथ चलने का ऑफर देना शुरू कर दिया।
लड़की: चलना है क्या?
रिपोर्टर: कितना पैसा लोगी?
लड़की: 1000 रुपए
रिपोर्टर: पूरे नाइट के लिए चलना हो तो?
लड़की: नहीं, आजकल चेकिंग हो रही है।
रिपोर्टर: होटल जाएंगे?
लड़की: गुरुनानक मिशन वाले साइड चल लेगें।
रिपोर्टर: होटल है ना?
लड़की: नहीं, साइड में चल लेंगे।
रिपोर्टर: होटल नहीं मिलेगा क्या?
(लड़की समझ गई कि ये बार-बार होटल की बात कर रहा है, इस वजह से ये पैसे नहीं देगा तो वह वहां से चली गई।)
इस मामले को लेकर डीसीपी इन्वेस्टिगेशन मनप्रीत ढिल्लो का कहना है कि जब भी ऐसी कोई बात सामने आती है तो पुलिस की टीमें इसकी जांच करती हैं। अगर यहां ऐसा चल रहा है तो पुलिस टीमें भेजकर इसकी जांच कराएंगे और उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।

