Health Tips: आजकल ज्यादातर लोग घंटों कंप्यूटर या लैपटॉप के सामने बैठकर काम करते हैं। लगातार एक ही जगह बैठे रहने, गलत तरीके से बैठने और शारीरिक गतिविधियों की कमी के कारण कमर, पीठ और कंधों में दर्द की समस्या आम हो गई है। लंबे समय तक बैठे रहने से रीढ़ की हड्डी पर दबाव बढ़ता है, जिससे शरीर में जकड़न और दर्द महसूस होने लगता है।
कई लोग इस दर्द से राहत पाने के लिए पेन किलर या दर्द निवारक बाम का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन यह केवल कुछ समय के लिए आराम देता है। अगर आप इस समस्या से लंबे समय तक छुटकारा पाना चाहते हैं, तो नियमित रूप से कुछ आसान योगासन कर सकते हैं। आइए जानते हैं ऐसे 4 योगासन जो पीठ और कमर दर्द को कम करने में मददगार साबित हो सकते हैं।
- मार्जरीआसन (कैट-काउ पोज)
मार्जरीआसन रीढ़ की हड्डी को लचीला बनाने और पीठ की जकड़न दूर करने के लिए बहुत अच्छा माना जाता है। यह शरीर में रक्त संचार को बेहतर बनाता है और कमर दर्द से राहत दिलाने में मदद करता है।
कैसे करें?
- सबसे पहले घुटनों और हथेलियों के बल जमीन पर आ जाएं।
- सांस लेते हुए सिर को ऊपर उठाएं और पीठ को नीचे की ओर झुकाएं।
- अब सांस छोड़ते हुए सिर को नीचे करें और पीठ को ऊपर की ओर गोल कर लें।
- इस प्रक्रिया को धीरे-धीरे 8 से 10 बार दोहराएं।
फायदे
- रीढ़ की हड्डी मजबूत होती है।
- पीठ और कमर की अकड़न कम होती है।
- शरीर में लचीलापन बढ़ता है।
- भुजंगासन (कोबरा पोज)
जो लोग लंबे समय तक झुककर काम करते हैं, उनके लिए भुजंगासन बेहद फायदेमंद है। यह रीढ़ की हड्डी को मजबूत बनाता है और कमर के निचले हिस्से के दर्द को कम करने में मदद करता है।
कैसे करें?
- पेट के बल सीधे लेट जाएं।
- दोनों हथेलियों को कंधों के पास जमीन पर रखें।
- गहरी सांस लेते हुए शरीर के ऊपरी हिस्से को धीरे-धीरे ऊपर उठाएं।
- गर्दन को पीछे की ओर ले जाकर ऊपर देखें।
- कुछ सेकंड इसी स्थिति में रहें।
- फिर सांस छोड़ते हुए धीरे-धीरे वापस नीचे आ जाएं।
- इस आसन को 3 से 5 बार दोहराएं।
फायदे
- कमर दर्द में राहत मिलती है।
- रीढ़ की हड्डी मजबूत होती है।
- छाती और कंधों की मांसपेशियां खुलती हैं।
- अधोमुख श्वानासन (डाउनवर्ड डॉग पोज)
यह योगासन पूरे शरीर को स्ट्रेच करने का काम करता है। खासकर कंधों, हाथों, पैरों और कमर की जकड़न को दूर करने में यह काफी प्रभावी माना जाता है।
कैसे करें?
- हाथों और पैरों के बल खड़े हो जाएं।
- धीरे-धीरे अपने कूल्हों को ऊपर की ओर उठाएं।
- शरीर को उल्टे V आकार में लाने की कोशिश करें।
- एड़ियों को जमीन की ओर दबाएं।
- अपनी नजर नाभि की तरफ रखें।
- इस स्थिति में 5 गहरी सांसें लें।
फायदे
- पूरे शरीर में खिंचाव आता है।
- कमर और पीठ का तनाव कम होता है।
- शरीर में ऊर्जा और लचीलापन बढ़ता है।
- बालासन (चाइल्ड पोज)
बालासन एक आरामदायक योग मुद्रा है, जो शरीर और मन दोनों को शांति प्रदान करती है। यह पीठ, गर्दन और कमर के दर्द को कम करने में मदद करती है।
कैसे करें?
- वज्रासन की मुद्रा में बैठ जाएं।
- अब धीरे-धीरे आगे की ओर झुकें।
- माथे को जमीन से लगाने की कोशिश करें।
- दोनों हाथों को सामने की ओर सीधा फैलाएं।
- शरीर को पूरी तरह रिलैक्स रखें।
- इस अवस्था में 1 से 2 मिनट तक गहरी सांस लेते रहें।
फायदे
- मानसिक तनाव कम होता है।
- पीठ और गर्दन को आराम मिलता है।
- शरीर की थकान दूर होती है।
योग करते समय रखें इन बातों का ध्यान
- योग हमेशा खाली पेट या हल्का भोजन करने के बाद करें।
- किसी भी आसन को जल्दबाजी में न करें।
- दर्द होने पर जबरदस्ती शरीर को न मोड़ें।
- यदि पहले से कोई गंभीर रीढ़ या कमर की समस्या है, तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
- नियमित रूप से योग करने पर ही बेहतर परिणाम मिलते हैं।
