चंडीगढ़: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में मंत्रिपरिषद की बैठक में गांवों में ‘हर-हित’ स्टोर का तेजी से विस्तार करने के लिए ‘हरियाणा ग्राम शामलात भूमि (विनियमन) नियम, 1964’ में संशोधन को मंजूरी दी गई।
इस संशोधन के तहत संबंधित उपायुक्तों को ग्राम पंचायतों की ‘शामलात देह’ (गांव की साझा जमीन) में 20 वर्ग गज तक की जमीन हरियाणा एग्रो इंडस्ट्रीज कॉरपोरेशन लिमिटेड को ‘हर-हित’ स्टोर स्थापित करने के लिए आवंटन के जरिए पट्टे पर देने की मंजूरी का अधिकार दिया गया है। इन नए नियमों को ‘हरियाणा विलेज कॉमन लैंड्स (रेगुलेशन) पांचवां संशोधन नियम, 2026’ कहा जाएगा।
राज्य सरकार के उपक्रम ‘हरियाणा एग्रो इंडस्ट्रीज कॉरपोरेशन लिमिटेड’ द्वारा फ्रैंचाइजी के माध्यम से ‘हर-हित’ रिटेल चेन चलाई जा रही है। अभी 5,000 स्टोर के लक्ष्य के मुकाबले लगभग 1,400 स्टोर चल रहे हैं। गांवों में हर स्टोर के लिए 20 वर्ग गज जमीन की आवश्यकता है।
संशोधन के तहत, ग्राम पंचायत की जमीन ‘हरियाणा एग्रो इंडस्ट्रीज कॉरपोरेशन लिमिटेड’ को आवंटन के जरिए एक बार में ज्यादा से ज्यादा पांच साल की अवधि के लिए पट्टे पर दी जा सकती है, जिसे अधिकतम तीन साल के लिए आगे बढ़ाया जा सकता है। पट्टे की राशि और अन्य शर्तें राज्य सरकार समय-समय पर तय करेगी।
