नई दिल्लीः मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर शनिवार को एक बार फिर प्रदर्शन की तैयारी है। प्रदर्शनकारी दोपहर 1 बजे जंतर-मंतर पर जुटने का आह्वान कर रहे हैं। शुक्रवार को प्रदर्शनकारियों को जंतर-मंतर पहुंचने से रोकने के लिए पुलिस ने बड़े स्तर पर कार्रवाई की थी। करीब 1,000 लोगों को हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई है।
शुक्रवार के घटनाक्रम के बाद नई दिल्ली इलाके में सुरक्षा और कड़ी कर दी गई है। जंतर-मंतर और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस तथा सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ाई गई है। कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की गई है। शुक्रवार को भी जंतर-मंतर की ओर जाने वाले रास्तों पर भारी सुरक्षा व्यवस्था के साथ यातायात और सार्वजनिक परिवहन पर प्रतिबंध लगाए गए थे।
2 अक्तूबर को आम आदमी पार्टी, एआईएसए, एसएफआई, एनएसयूआई, कांग्रेस से जुड़े युवा संगठनों और अन्य छात्र एवं नागरिक समूहों के कार्यकर्ताओं ने जंतर-मंतर की ओर बढ़ने की कोशिश की थी। प्रदर्शनकारी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर में कथित अनियमितताओं और बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम हटाए जाने के आरोपों को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। चुनाव आयोग से जुड़े आरोपों को लेकर प्रदर्शनकारियों और चुनाव अधिकारियों के बीच मतभेद बने हुए हैं।
दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के लिए अनुमति नहीं दी थी और नई दिल्ली जिले में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू की गई थी। इसके तहत बिना अनुमति सभा, जुलूस, धरना और नारेबाजी पर रोक लगाई गई थी।
शुक्रवार को हिरासत में लिए लोगों में आम आदमी पार्टी की आतिशी, सौरभ भारद्वाज और संजय सिंह के अलावा एआईएसए की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा और सामाजिक कार्यकर्ता योगेंद्र यादव समेत कई नेता और कार्यकर्ता शामिल थे।
एआईएसए अध्यक्ष नेहा बोरा ने शनिवार को दोपहर 1 बजे फिर जंतर-मंतर पहुंचने की अपील की है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि एसआईआर और मतदाता सूची से जुड़े आरोपों को लेकर उनका आंदोलन जारी रहेगा। दूसरी ओर कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने भी 10 अक्तूबर को दिल्ली में प्रदर्शन का ऐलान किया है।
प्रशासन की ओर से शनिवार के संभावित प्रदर्शन को देखते सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी गई है। अब शनिवार को दोबारा प्रस्तावित प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच क्या स्थिति बनती है, इस पर नजर रहेगी।
