नई दिल्लीः 1 अक्टूबर से देश में कई ऐसे नियम और व्यवस्थाएं लागू हो रही हैं, जिनका सीधा असर आम लोगों की जेब पर पड़ सकता है। इनमें घरेलू एलपीजीसिलेंडर की बुकिंग, सिलेंडर के रेट, बड़े फिक्स्ड डिपॉजिट, NPS, दिल्ली में महिलाओं की बस यात्रा और सरकारी कर्मचारियों के DA से जुड़े बदलाव शामिल हैं। जानिए किस बदलाव का किस पर असर पड़ेगा। 1 अक्टूबर को होने वाले बदलावों में एक बड़ा बदलाव कमर्शियल सिलेंडर के रेट को लेकर हुआ है। त्योहारी सीजन से पहले आज महीने के पहले ही दिन महंगाई का झटका लगा है। बेंचमार्क दिल्ली में 19 किलो वाला कमर्शियल सिलेंडर आज से 62.50 रुपये महंगा मिलेगा।
इसके साथ ही लेह से कन्याकुमारी और अहमदाबाद से पूर्वोत्तर राज्यों तक 19 किलो वाले एलपीजी सिलेंडर के रेट बढ़ गए हैं। घरेलू एलपीजी ग्राहकों के लिए बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन (BAA) को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट में बुधवार को सुनवाई हुई। याचिका में 1 अक्टूबर से LPG रिफिल की बुकिंग के लिए BAA अनिवार्य किए जाने को चुनौती दी गई है। मुख्य न्यायाधीश डीके उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस कारिया की पीठ ने केंद्र सरकार से इस मामले में अपना पक्ष बताने को कहा है।
अदालत ने मौखिक टिप्पणी में पूछा कि देश में जिन लोगों के पास आधार नहीं है, वे LPG का इस्तेमाल कैसे करेंगे। 1 अक्टूबर से NRI से अचल संपत्ति खरीदने वाले निवासी व्यक्ति या HUF के लिए TDS प्रक्रिया कुछ आसान होगी। नए आयकर कानून के तहत PAN आधारित प्रक्रिया और Form 141 का इस्तेमाल किया जाएगा। इससे अलग से TAN लेने की जरूरत वाले अनुपालन को सरल बनाया गया है।
हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि NRI से प्रॉपर्टी खरीदने पर TDS खत्म हो गया है। टैक्स काटने की जिम्मेदारी बनी रहेगी, केवल उसे जमा करने और रिपोर्ट करने की प्रक्रिया बदलेगी। इसलिए बड़ी प्रॉपर्टी खरीद में खरीदार को टैक्स विशेषज्ञ से सही दर और प्रक्रिया की पुष्टि करनी चाहिए। एसबीआई के कुछ सैलरी पैकेज अकाउंट अकाउंट ग्राहकों के लिए दूसरे बैंकों के एटीएम पर मुफ्त ट्रांजेक्शन की लिमिट में बदलाव होगा। 1 अक्टूबर से यह लिमिट 5 ट्रांजैक्शन प्रति माह होगी। इसमें वित्तीय और गैर-वित्तीय दोनों तरह के ट्रांजेक्शन शामिल होंगे। वहीं BSBD खातों में महीने में चार कैश निकासी मुफ्त रहने की जानकारी दी गई है। इसके बाद तय शुल्क और जीएसटी लागू हो सकता है। डिजिटल ट्रांजैक्शन पर यह लिमिट लागू नहीं होगी।