लुधियानाः पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। विजिलेंस टीम ने थाना सलेम टाबरी के तहत पुलिस चौकी एल्डिको एस्टेट के इंचार्ज ASI जिंदर सिंह को 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोप है कि ASI ने दो पक्षों के बीच हुए झगड़े के मामले में दूसरे पक्ष के खिलाफ क्रॉस केस दर्ज करने के बदले 40 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।
पहले समझौते के नाम पर लिए थे 50 हजार रुपये
शिकायतकर्ता रंजीत सिंह, निवासी चिट्टी कॉलोनी, गांव भटियां बेट ने विजिलेंस को बताया कि उसकी पत्नी मनजीत कौर का पड़ोसी अश्वनी कुमार के साथ झगड़ा हुआ था। दोनों पक्षों ने सिविल अस्पताल लुधियाना से मेडिकल करवाया और पुलिस चौकी एल्डिको एस्टेट में शिकायत दी। मामले की जांच चौकी इंचार्ज ASI जिंदर सिंह कर रहा था। शिकायतकर्ता के अनुसार, ASI ने दोनों पक्षों में समझौता करवाने के नाम पर उससे पहले 50 हजार रुपये की रिश्वत ली थी।
रिश्वत लेने के बाद भी दर्ज कर दी FIR
शिकायतकर्ता के मुताबिक, रिश्वत लेने के बावजूद ASI ने 31 जुलाई 2026 को उसकी पत्नी और अन्य लोगों के खिलाफ FIR नंबर 119 दर्ज कर दी। यह FIR BNS की धारा 118(2), 74, 3(5) और 351(2) के तहत दर्ज की गई थी।
क्रॉस केस के लिए फिर मांगे 40 हजार
इसके बाद ASI जिंदर सिंह ने मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर पड़ोसी पक्ष के खिलाफ क्रॉस केस दर्ज करने की बात कही। इसके लिए उसने शिकायतकर्ता से दोबारा 40 हजार रुपये की रिश्वत मांगी।
शिकायतकर्ता ने रिकॉर्ड की रिश्वत मांगने की कॉल
ASI द्वारा रिश्वत मांगने की बात को शिकायतकर्ता ने गंभीरता से लिया और उसकी ऑडियो रिकॉर्डिंग कर ली। इसके बाद 8 सितंबर 2026 को उसने विजिलेंस यूनिट लुधियाना की इंस्पेक्टर किरनप्रीत कौर से संपर्क किया और पूरी शिकायत दर्ज करवाई। विजिलेंस टीम ने ऑडियो रिकॉर्डिंग को सबूत के तौर पर लिया और इसके आधार पर आरोपी के खिलाफ ट्रैप की योजना बनाई।
सरकारी गवाहों की मौजूदगी में लगाया ट्रैप
इंस्पेक्टर किरनप्रीत कौर के नेतृत्व में विजिलेंस टीम ने सरकारी गवाहों की मौजूदगी में जाल बिछाया। शिकायतकर्ता को 40 हजार रुपये लेकर ASI जिंदर सिंह के पास भेजा गया। जैसे ही ASI ने रिश्वत के पैसे लिए, विजिलेंस टीम ने मौके पर पहुंचकर उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू
विजिलेंस ब्यूरो ने आरोपी ASI जिंदर सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। विजिलेंस की इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में भी हड़कंप मच गया है।