ससुराल पक्ष का आया बयान
अमृतसर: गुरसिख लड़की कोमलप्रीत कौर के मुसलमान बनने और कथित तौर पर उसे बहकाकर धर्म परिवर्तन कराने के दावों के बीच अब उसके ससुराल वालों ने एक अलग पक्ष रखा है। नवप्रीत सिंह के परिवार का दावा है कि कोमलप्रीत पहले से ही गांव अहलीवाल के नवप्रीत सिंह से विवाहित थी और इस मामले को सिर्फ माइंडवॉश या जबरन धर्म परिवर्तन से जोड़ना सही नहीं है। परिवार के अनुसार, कोमलप्रीत कौर अमृतधारी थी और शादी से पहले नवप्रीत सिंह ‘मोना’ (बिना दाढ़ी-बाल वाला) था। शादी के बाद नवप्रीत ने केस रखे और दस्तार (पगड़ी) बांधना शुरू किया। परिवार का कहना है कि यह बदलाव उसने अपनी पत्नी के धार्मिक जीवन से प्रभावित होकर किया। नवप्रीत के परिवार के अनुसार, कोमलप्रीत को लंदन भेजने के लिए परिवार ने करीब 35 लाख रुपये खर्च किए।
परिवार का दावा है कि लंदन के साउथहॉल पहुंचने के बाद धीरे-धीरे कोमलप्रीत ने पीछे रह गए ससुराल वालों से संपर्क कम करना शुरू कर दिया। परिवार के मुताबिक, करीब दो साल बाद नवप्रीत सिंह को भी लंदन बुलाया गया। हालांकि, वहां पहुंचने के बाद दोनों के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर कलह रहने लगी। परिवार का दावा है कि कोमलप्रीत ने नवप्रीत को वापस जाने के लिए भी कहा, जिसके बाद दोनों के रिश्ते में और तनाव पैदा हो गया। नवप्रीत के परिवार ने यह भी दावा किया कि कोमलप्रीत ने लंदन जाने से पहले ही अपने ककार (सिखों द्वारा पहने जाने वाले पांच अनिवार्य वस्तुएं) उतार दिए थे।
परिवार का कहना है कि इस कारण उन्हें शक हुआ कि शायद उसने पहले ही कोई योजना बना ली थी। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। परिवार के अनुसार, इस पूरे मामले में सबसे अहम बात यह है कि नवप्रीत सिंह ने खुद कोमलप्रीत को एक मुसलमान युवक के साथ घूमते देखा और इस दौरान वीडियो भी बनाया। परिवार का दावा है कि इस घटना के बाद ही मामला और गंभीर हो गया। नवप्रीत के परिवार ने कोमलप्रीत को बहकाकर धर्म परिवर्तन कराने के दावों को गलत बताते हुए कहा कि उनके बेटे ने उसे खुद मुसलमान युवक के साथ देखा था। परिवार का पक्ष है कि पूरे मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए सभी तथ्यों को देखना जरूरी है। परिवार का कहना है कि इस घटना के बाद नवप्रीत सिंह और उसका परिवार गहरे सदमे में है।
उनके मुताबिक, नवप्रीत की मां बीर कौर की सेहत भी लगातार खराब रहती है और परिवार मानसिक तौर पर भी काफी परेशानी से गुजर रहा है। परिवार की ओर से यह भी आरोप लगाया गया है कि कोमलप्रीत के मायके वालों ने इस मुश्किल समय में नवप्रीत के परिवार का साथ नहीं दिया और लंदन में भी नवप्रीत के साथ कथित तौर पर दुश्मनों जैसा व्यवहार किया गया। इस मामले को लेकर जहां एक ओर कोमलप्रीत को बहकाकर धर्म परिवर्तन कराने के दावे सामने आ रहे हैं, वहीं नवप्रीत के परिवार ने इन दावों को नकारते हुए अपना पक्ष रखा है। मामले की पूरी सच्चाई सामने आने के लिए सभी पक्षों का सामने आना और दावों की स्वतंत्र पुष्टि होना जरूरी है।