नई दिल्लीः बांग्लादेश के रंगपुर शहर में एक ही परिवार के चार लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। एक बंद घर के अंदर रिटायर्ड स्कूल टीचर, उनकी पत्नी, बेटी और 12 साल के बेटे का शव बरामद हुआ है। शुरुआती जांच में पुलिस को आशंका है कि चारों की गला घोंटकर हत्या की गई है। पुलिस, सीआईडी और डिटेक्टिव ब्रांच की टीमें संयुक्त रूप से मामले की जांच कर रही हैं।
मछुआपारा इलाके में शनिवार रात चारों के शव बरामद किए गए। मृतकों की पहचान रंगपुर जिला स्कूल के रिटायर्ड शिक्षक गणपति चक्रवर्ती (65), उनकी पत्नी प्रीतिलता चक्रवर्ती (50), बेटी आगामी चक्रवर्ती प्रार्थी (23) और बेटे प्रियम चक्रवर्ती (12) के रूप में हुई है।
रंगपुर मेट्रोपॉलिटन कोतवाली पुलिस स्टेशन के प्रभारी नजमुल कादर ने घटना की पुष्टि की है। वहीं रंगपुर मेट्रोपॉलिटन CID के प्रभारी सुबीर चौधरी ने बताया कि मां और बेटी के शव सीढ़ियों से बरामद किए गए, जबकि गणपति चक्रवर्ती का शव घर की छत पर मिला। उनके 12 वर्षीय बेटे का शव एक बेड के नीचे पाया गया।
CID अधिकारी ने बताया कि मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्पष्ट होगी। परिजनों के मुताबिक गुरुवार रात से परिवार के चारों मोबाइल फोन बंद आ रहे थे। प्रीतिलता की छोटी बहन पूजा चक्रवर्ती ने बताया कि उनकी आखिरी बार गुरुवार दोपहर अपनी बहन से बात हुई थी। फोन लगातार बंद मिलने के बाद परिवार के लोग शनिवार रात दासपारा स्थित घर पहुंचे।
उन्होंने देखा कि घर का मुख्य गेट बंद था और अंदर की सभी लाइटें बंद थी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर ताला तोड़ा और घर में दाखिल हुई, जहां अलग-अलग जगहों पर चारों के शव मिले। परिजनों का कहना है कि गणपति की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। उनकी भतीजी सोमा चक्रवर्ती ने बताया कि रिटायरमेंट के बाद गणपति होम्योपैथी प्रैक्टिशनर के रूप में काम करने लगे थे।
रंगपुर मेट्रोपॉलिटन पुलिस कमिश्नर मोहम्मद अब्दुल माबूद ने कहा कि मामले की सर्वोच्च प्राथमिकता से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद मौत की वजह स्पष्ट होगी। डिटेक्टिव ब्रांच की टीम भी वारदात की सच्चाई सामने लाने और मामले को सुलझाने में जुटी है।

