न्यूयॉर्कः अमेरिका के मैसाचुसेट्स राज्य में भारतीय मूल के 17 वर्षीय किशोर अर्जुन अरविंद पर अपनी मां और छोटे भाई की हत्या करने का आरोप लगाया गया है। अधिकारियों के अनुसार जांच में सामने आया है कि अर्जुन इंटरनेट और चैट जीटीपी पर परिवार की हत्या से जुड़ी सैद्धांतिक अवधारणाओं या कल्पनाओं के बारे में सर्च करता था।
अर्जुन पर अपनी (45) मां सुधा वेंकटेशन और (14) भाई सिद्धार्थ अरविंद की मौत के मामले में हत्या के दो आरोप लगाए गए हैं। इसके अलावा उस पर परिवार या घर के सदस्य पर हमला और मारपीट के दो, हमला और मारपीट के दो अन्य आरोप तथा बिना अनुमति वाहन इस्तेमाल करने और मोटर वाहन चोरी करने के आरोप भी हैं।
मिडिलसेक्स डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी मैरिएन रयान और ऐक्टन पुलिस प्रमुख डगलस स्टर्निओलो ने बताया कि दोनों की मौत मंगलवार को बोस्टन से करीब 48 किलोमीटर दूर ऐक्टन स्थित परिवार के मार्था लेन आवास में हुई।
पुलिस को 11 अगस्त की शाम करीब 6:37 बजे अर्जुन के पिता ने फोन कर बताया कि वह परिवार के सदस्यों से संपर्क नहीं कर पा रहे हैं। घर पर आने वाली एक ट्यूटर भी किसी से संपर्क नहीं कर पाई थी।
पुलिस के पहुंचने पर सिद्धार्थ और सुधा मृत मिले। अधिकारियों के अनुसार सिद्धार्थ का शव पहली मंजिल पर, जबकि सुधा का शव तैयार किए बेसमेंट में मिला। दोनों के शरीर पर स्पष्ट चोटों के निशान थे। हालांकि, मुख्य चिकित्सा परीक्षक ने अभी मौत के सटीक कारण और परिस्थितियों की जानकारी जारी नहीं की है। हत्या में इस्तेमाल हथियार का भी पता नहीं चला है।
वारदात के बाद अर्जुन घर पर नहीं था और कथित तौर पर अपनी मां की कार लेकर फरार हो गया था। जांचकर्ताओं ने उसकी तलाश शुरू की और अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ-साथ आम लोगों को भी उसके बारे में सतर्क किया।
बुधवार तड़के मैसाचुसेट्स के वेलैंड में एक पार्किंग स्थल पर एक अलग मामले में अलार्म की सूचना पर पहुंची पुलिस को अर्जुन की मां की कार मिली। कार के अंदर अर्जुन मौजूद था। उसे बिना किसी घटना के हिरासत में ले लिया गया।
अर्जुन के पिता ने बुधवार को बताया कि उन्होंने घटना वाले दिन सुबह काम पर जाने से पहले पत्नी सुधा से आखिरी बार बात की थी। छोटा बेटा सिद्धार्थ दोपहर करीब 12 बजे आखिरी बार देखा गया था।
अर्जुन को बुधवार को लोवेल जुवेनाइल कोर्ट में पेश किए जाने की उम्मीद थी। अधिकारियों के अनुसार जुवेनाइल कोर्ट के पास हत्या के आरोप की सुनवाई का अधिकार नहीं है। इसलिए हत्या और संबंधित हमले के आरोपों में उसे बाद में कॉनकॉर्ड डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में पेश किया जाएगा।