Himachal Govt

Himachal Govt
Haryana Govtजब मुख्यमंत्री के दरवाजे पर पहुंचती है उम्मीद, तो सरकार की योजनाओं...

जब मुख्यमंत्री के दरवाजे पर पहुंचती है उम्मीद, तो सरकार की योजनाओं को मिलती है नई रफ्तार

WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now

चंडीगढ़: रात का वक्त है, मुख्यमंत्री निवास संत कबीर कुटीर पर नायब सिंह सैनी के सामने हाथों में कागज लिए लोग अपनी समस्याएं और उम्मीदें लेकर खड़े हैं। किसी को अपनी बेटी के भविष्य की चिंता है, कोई परिवार की आर्थिक परेशानी लेकर आया है, तो कोई सरकारी योजना का लाभ मिलने की आस लगाए है। समय आगे बढ़ता जाता है, लेकिन मुलाकातों का सिलसिला थमता नहीं।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी एक-एक कर लोगों से मिलते हैं। चेहरे पर सहज मुस्कान, सामने खड़े व्यक्ति की बात ध्यान से सुनना और समस्या के समाधान के लिए अधिकारियों को तत्काल निर्देश देना, यह दृश्य अब हरियाणा में मुख्यमंत्री और आमजन के बीच सीधे संवाद की पहचान बनता जा रहा है। मुख्यमंत्री और आमजन के बीच का यह सीधा संवाद सरकार की जनकल्याणकारी सोच को योजनाओं की जमीन से जोड़ रहा है।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा सरकार ने सामाजिक सुरक्षा और जनकल्याण को केवल बजट घोषणाओं तक सीमित रखने के बजाय उन्हें पात्र लोगों के जीवन में वास्तविक बदलाव का माध्यम बनाने पर जोर दिया है। महिलाओं से लेकर वरिष्ठ नागरिकों और नशे की समस्या से जूझ रहे लोगों तक, सरकार की कई पहलें इसी सोच को आगे बढ़ा रही हैं।

एक योजना, लाखों महिलाओं के लिए आर्थिक सहारा

हरियाणा की महिलाओं के लिए दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बनकर सामने आई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने योजना का दायरा बढ़ाते हुए पात्रता के लिए वार्षिक आय सीमा 1 लाख रुपये से बढ़ाकर 1.80 लाख रुपये करने की घोषणा की है। यह बदलाव इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि आय सीमा बढ़ने से बड़ी संख्या में अतिरिक्त महिलाएं योजना के दायरे में आ सकेंगी। योजना के तहत वर्तमान में लगभग 10 लाख महिलाओं को प्रतिमाह 2,100 रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है।

सरकार के लिए अब केवल सहायता देने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करना भी है कि कोई पात्र महिला जानकारी, दस्तावेज या आवेदन प्रक्रिया की जटिलता के कारण लाभ से वंचित न रह जाए। इसी उद्देश्य से पात्र महिलाओं का आंकड़ा जुटाने, बैंक खातों का सत्यापन, आवेदन व्यवस्था में जरूरी बदलाव और व्यापक जन-जागरूकता अभियान की कार्ययोजना तैयार की गई है। इस पहल के पीछे संदेश साफ है, महिला सशक्तिकरण का अर्थ केवल योजनाओं में नाम जोड़ना नहीं, बल्कि महिलाओं को आर्थिक निर्णय लेने में अधिक सक्षम बनाना है। साथ ही मुख्यमंत्री ने यह कहकर विपक्ष के दुष्प्रचार पर रोक लगाई है कि दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना का लाभ ले रही किसी माता-बहन या बेटी को अन्य किसी भी योजना के लाभ से वंचित नहीं किया जाएगा।

बुजुर्गों के लिए सरकार अब घर तक पहुंचाएगी देखभाल

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने समाज की सबसे अनुभवी पीढ़ी के लिए भी नई सोच के साथ कदम बढ़ाया है। वरिष्ठ नागरिकों के लिए घर पर देखभाल और प्राथमिक चिकित्सा सहायता की व्यवस्था को मजबूत करने की पहल करते हुए प्रदेश में 1,000 देखभाल सहायक (केयर गिवर्स) तैयार किए जाएंगे। यह पहल उस बदलती सामाजिक परिस्थिति का जवाब है, जहां कई वरिष्ठ नागरिकों को घर पर ही नियमित देखभाल और सहयोग की आवश्यकता होती है।

इसके साथ ही प्रदेश में वरिष्ठ नागरिक कल्याण क्लब स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। उद्देश्य केवल स्वास्थ्य संबंधी सहायता देना नहीं, बल्कि वरिष्ठ नागरिकों को सामाजिक जुड़ाव, सम्मान और सुरक्षा का बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना है। मुख्यमंत्री का संदेश स्पष्ट है, वरिष्ठ नागरिक समाज पर बोझ नहीं, बल्कि अनुभव और संस्कारों की अमूल्य धरोहर हैं।

देखभाल करने वाले हाथ किए जाएंगे प्रशिक्षित

वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल की इस नई व्यवस्था को मजबूत आधार देने के लिए विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय और ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय को प्रशिक्षण संस्थानों के रूप में चिन्हित किया गया है। इन संस्थानों में दो चरणों में 500-500 प्रशिक्षुओं को तैयार करने की योजना बनाई गई है। प्रशिक्षण में युवाओं और महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। यानी एक पहल से दो उद्देश्य पूरे करने की कोशिश है, वरिष्ठ नागरिकों को प्रशिक्षित देखभालकर्ता उपलब्ध कराना और युवाओं तथा महिलाओं के लिए नए कौशल एवं रोजगार के अवसर पैदा करना।

नशे के खिलाफ लड़ाई अब उपचार से पुनर्वास तक

नशे की समस्या से प्रभावित लोगों के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने केवल कार्रवाई और रोकथाम तक सीमित रहने के बजाय उपचार, पुनर्वास और सामाजिक पुनर्स्थापन के नए आयाम तक पहुंचाने की पहल की है। मुख्यमंत्री ने सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल के माध्यम से नशामुक्ति के लिए उत्कृष्टता केंद्र स्थापित करने की घोषणा की है। इसके लिए कुरुक्षेत्र में स्थल का निरीक्षण किया जा चुका है और आधुनिक सुविधाओं से युक्त केंद्र विकसित करने की दिशा में कार्य आगे बढ़ाया जा रहा है।

इस केंद्र का उद्देश्य नशे से प्रभावित व्यक्तियों को उपचार उपलब्ध कराने के साथ उन्हें दोबारा सामान्य सामाजिक जीवन से जोड़ना होगा। यह सोच बदलाव का संकेत है, नशे से प्रभावित व्यक्ति को केवल समस्या के रूप में नहीं, बल्कि उपचार और अवसर के हकदार व्यक्ति के रूप में देखने की।

योजनाओं से आगे, लाभार्थी तक पहुंचने की चुनौती

किसी भी सरकार के लिए सबसे बड़ी सफलता केवल योजना घोषित करना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि उसका लाभ सही व्यक्ति तक पहुंचे। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी इसी अंतिम छोर पर विशेष जोर दे रहे हैं। पात्र लाभार्थियों का आंकड़ा जुटाना, बैंक खातों का सत्यापन, आवेदन प्रक्रिया को सरल बनाना और जन-जागरूकता बढ़ाना इसी दिशा में उठाए जा रहे कदम हैं।

 

Disclaimer

All news on Encounter India are computer generated and provided by third party sources, so read and verify carefully. Encounter India will not be responsible for any issues.

Advertisement

Himachal Govt

Himachal Govt

Related Articles

Hot this week

 58 परिवारों को विधायक विवेक शर्मा ने 4.57 लाख के बांटे आर्थिक चैक

ऊना,सुशील पंडित: कुटलैहड़ के विधायक विवेक शर्मा ने मंगलवार को...

बसाल में पौधारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण अभियान के तहत कार्यक्रम आयोजित

ऊना,सुशील पंडित: पौधारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण अभियान के अंतर्गत जिला...

सीएम की अगुवाई में ऊना में 7 सितंबर को होगी ‘एंटी-चिट्टा वॉकाथॉन’

ऊना,सुशील पंडित: हिमाचल को नशामुक्त बनाने की दिशा में...

वशिष्ट पब्लिक स्कूल, ऊना में तीज का त्योहार मनाया 

ऊना,सुशील पंडित: वशिष्ट पब्लिक स्कूल, ऊना में तीज का त्योहार...

 58 परिवारों को विधायक विवेक शर्मा ने 4.57 लाख के बांटे आर्थिक चैक

ऊना,सुशील पंडित: कुटलैहड़ के विधायक विवेक शर्मा ने मंगलवार को कुटलैहड़ कांग्रेस कार्यालय जोगी पंगा में करीब 58 जरूरतमंद परिवारों...

बसाल में पौधारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण अभियान के तहत कार्यक्रम आयोजित

ऊना,सुशील पंडित: पौधारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण अभियान के अंतर्गत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, ऊना द्वारा वन विभाग और रुद्रा इंटरनेशनल...

सीएम की अगुवाई में ऊना में 7 सितंबर को होगी ‘एंटी-चिट्टा वॉकाथॉन’

ऊना,सुशील पंडित: हिमाचल को नशामुक्त बनाने की दिशा में मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में चल रहे...

पांच दिनों तक सड़ता रहा पिता का शव, पड़ोसियों के फोन करने पर बेटों ने आने से किया इनकार

राजधानी दिल्ली से एक रिश्ते को शर्मसार कर देने वाली खबर सामने आई है। जहां, बुजुर्ग पिता का शव...