चंडीगढ़, 10 जून: पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने बुधवार को विभिन्न कर्मचारी और मजदूर संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर उनकी समस्याओं और मांगों पर विस्तार से चर्चा की। बैठक में ग्राम पंचायत जल सप्लाई पंप ऑपरेटर एसोसिएशन, मनरेगा कर्मचारी यूनियन (MGNREGA Karamchari Union) और जमीन प्राप्ति संघर्ष समिति के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।
बैठक के दौरान वित्त मंत्री ने संगठनों द्वारा प्रस्तुत मांग-पत्रों और शिकायतों की समीक्षा की तथा उनकी समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना।
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार कर्मचारियों, मजदूरों और समाज के कमजोर वर्गों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा, “सरकार किसी भी जायज मांग या समस्या को नजरअंदाज नहीं करेगी। कर्मचारियों और श्रमिकों की भलाई हमारी प्राथमिकताओं में शामिल है।”
बैठक के बाद वित्त मंत्री ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी वैध मांगों की जल्द समीक्षा कर निर्धारित समय सीमा के भीतर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक में मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि इन मामलों से संबंधित फाइलों की प्रक्रिया और विभागीय समीक्षा तत्काल शुरू की जाएगी ताकि मांगों के समाधान में अनावश्यक देरी न हो।
बैठक में ग्राम पंचायत जल सप्लाई पंप ऑपरेटर एसोसिएशन की ओर से बेअंत सिंह, अवतार सिंह और बोहर सिंह, मनरेगा कर्मचारी यूनियन की ओर से गुरसेवक सिंह, हरमिंदर सिंह और अमनदीप मानसा तथा जमीन प्राप्ति संघर्ष समिति की ओर से मुकेश मलोद और धर्मवीर हरिगढ़ ने अपनी मांगें और समस्याएं वित्त मंत्री के समक्ष रखीं।
