एस.ए.एस. नगर स्थित लाइवस्टॉक कॉम्प्लेक्स में आयोजित उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए श्री खुड्डियां ने राज्यभर के सभी पशु चिकित्सालयों और डिस्पेंसरियों के कार्यों, आधारभूत ढांचे तथा स्वच्छता व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की। कुछ संस्थानों की खराब स्थिति पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए कैबिनेट मंत्री ने पशुपालन निदेशक को निर्देश दिए कि भवनों की तत्काल मरम्मत, रखरखाव तथा आवश्यक सेवाओं के उन्नयन का कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा कराया जाए। स गुरमीत सिंह खुड्डियां ने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक पशु चिकित्सा संस्थान में 24 घंटे बिजली तथा स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने टीकों के सुरक्षित संरक्षण के लिए उपयुक्त कोल्ड स्टोरेज व्यवस्था की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि वैक्सीन भंडारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही के लिए संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों की प्रत्यक्ष जवाबदेही तय की जाएगी।
उन्होंने कहा, “पशुपालकों को बिना किसी परेशानी के समय पर और सम्मानजनक सेवाएं मिलनी चाहिए। अधिकारी एवं कर्मचारी अपनी ड्यूटी के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध रहें तथा यह सुनिश्चित करें कि सभी लाभार्थियों तक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी पक्षपात, देरी अथवा टालमटोल के समय पर पहुंचे।” पशुपालन मंत्री ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि ड्यूटी के दौरान लापरवाही, अनुपस्थिति, देरी अथवा जन शिकायतों को लंबित रखना किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। ऐसे मामलों में सेवा नियमों के अनुसार कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने दोहराया कि कार्य के प्रति किसी भी प्रकार की ढिलाई या शिथिलता के लिए विभाग में कोई स्थान नहीं है।

