पंचकूलाः संगठित अपराध और रंगदारी से जुड़े अपराधों पर लगातार कड़ा प्रहार कर रही पंचकूला पुलिस को स्विस लाउंज फायरिंग मामले में एक और महत्वपूर्ण सफलता मिली है। क्राइम ब्रांच सेक्टर-26 ने इस मामले में तीसरे आरोपी को गिरफ्तार कर जांच को नई दिशा दी है। आरोपी को पंजाब के जालंधर से गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से पूरे षड्यंत्र, आर्थिक सहायता, फरार आरोपियों और वारदात से जुड़े अन्य नेटवर्क के संबंध में गहन पूछताछ की जा रही है।
3-4 जून, 2026 की मध्यरात्रि सेक्टर-5 स्थित स्विस लाउंज की पार्किंग में अज्ञात हमलावरों ने रतन चंद और उसके साथ मौजूद ललित पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी। हमले में रतन चंद को पीठ और बाजू में तथा ललित को कंधे पर गोली लगी थी। घटना के बाद दोनों घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। प्रारंभिक जांच में घटनास्थल से सात खाली खोखे, दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए। शिकायतकर्ता नरेंद्र लुबाना ने अपने बयान में बताया था कि उसके भाई रतन चंद को रंगदारी की धमकियां मिल रही थीं तथा उसी सिलसिले में यह जानलेवा हमला कराया गया।
मामले की गंभीरता को देखते पुलिस कमिश्नर के आदेश पर में विशेष जांच दल का गठन किया गया। जांच के दौरान पहले आरोपी हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी तथा दूसरे आरोपी जसविंदर सिंह उर्फ गोरा को एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार किया गया था। दोनों आरोपियों से पूछताछ के दौरान वारदात से जुड़े कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने थे।
डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह के अनुसार इसी कड़ी में लगातार कार्रवाई करते क्राइम ब्रांच सेक्टर-26 की टीम ने इंचार्ज पीएसआई विजय की अगुवाई में 10 जुलाई को जालंधर से तीसरे आरोपी सुमित कुमार उर्फ लल्ला को गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया है कि आरोपी ने मुख्य हमलावरों को वारदात को अंजाम देने के लिए नकदी और मोबाइल फोन उपलब्ध कराए थे, जिससे पूरी साजिश को अंजाम देने में मदद मिली। आरोपी से पूछताछ के बाद उसे 11 जुलाई को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से 14 जुलाई 2026 तक चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है।
पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से गैंग के अन्य सदस्यों, फरार आरोपियों, आर्थिक लेन-देन, हथियारों की उपलब्धता, मोबाइल फोन की व्यवस्था तथा पूरे आपराधिक नेटवर्क के संबंध में विस्तृत पूछताछ की जा रही है।
डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह ने स्पष्ट किया है कि संगठित अपराध, गैंगस्टर गतिविधियों, रंगदारी और जानलेवा हमलों में शामिल किसी भी आरोपी को कानून से बचने नहीं दिया जाएगा। मामले में आगे की जांच जारी है तथा फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विभिन्न राज्यों में लगातार दबिश दी जा रही है।

