हिमकैप्स इंस्टीट्यूट बढ़ेड़ा में जिला स्तरीय नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत महोत्सव आयोजित, 350 युवाओं ने लिया भाग
ऊना,सुशील पंडित: युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने तथा विकसित भारत के निर्माण में उनकी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मेरा युवा भारत ऊना द्वारा हिमकैप्स इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल एजुकेशन, बढ़ेड़ा में जिला स्तरीय “नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत महोत्सव” का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिले के विभिन्न विद्यालयों एवं महाविद्यालयों के लगभग 350 विद्यार्थियों ने भाग। कार्यक्रम में उपायुक्त ऊना जतिन लाल ने बतौर मुख्य अतिथि तथा पुलिस अधीक्षक ऊना सचिन हिरेमठ ने विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की।
युवा शक्ति ही विकसित भारत की सबसे बड़ी पूंजी: जतिन लाल
उपायुक्त जतिन लाल ने अपने संबोधन में कहा कि भारत विश्व का सबसे युवा देश है और युवाओं की ऊर्जा, प्रतिभा तथा सकारात्मक सोच ही विकसित भारत की सबसे बड़ी ताकत है। यदि युवा नशे जैसी सामाजिक बुराई से दूर रहकर शिक्षा, खेल, नवाचार और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में आगे बढ़ेंगे तो विकसित भारत का सपना शीघ्र साकार होगा।
उन्होंने कहा कि नशा केवल व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज का भविष्य प्रभावित करता है। इसलिए प्रत्येक युवा को स्वयं नशे से दूर रहने के साथ-साथ अपने मित्रों और समाज को भी इसके प्रति जागरूक करना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रशासन द्वारा नशे के खिलाफ लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं, लेकिन इस लड़ाई में युवाओं की सक्रिय भागीदारी सबसे महत्वपूर्ण है। उपायुक्त ने कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं की रचनात्मक प्रतिभा को मंच प्रदान करने के साथ-साथ उनमें सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना भी विकसित करते हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों की सराहना करते हुए कहा कि उनकी प्रस्तुतियां केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं हैं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रभावी माध्यम भी हैं।
नशे के विरुद्ध जनआंदोलन बनाना होगा: पुलिस अधीक्षक
वहीं, पुलिस अधीक्षक सचिन हिरेमठ ने अपने संबोधन में कहा कि नशे के विरुद्ध केवल कानून ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि समाज की सामूहिक जागरूकता और युवाओं की सकारात्मक सोच भी उतनी ही आवश्यक है। उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग नशे के कारोबार पर प्रभावी कार्रवाई कर रहा है, वहीं युवाओं की जागरूक भागीदारी इस अभियान को और अधिक मजबूत बनाएगी। उन्होंने विद्यार्थियों से सोशल मीडिया और आधुनिक तकनीक का उपयोग समाज में सकारात्मक संदेश फैलाने तथा नशामुक्त भारत के अभियान को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया।
महोत्सव के अंतर्गत समूह नृत्य, समूह लोकगीत, नुक्कड़ नाटक/मूक अभिनय, चित्रकला, वाद-विवाद एवं भाषण, स्लैम पोएट्री, लघु फिल्म/रील तथा स्लोगन लेखन सहित कुल आठ प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतिभागियों ने अपनी रचनात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करते हुए स्वस्थ एवं जागरूक समाज का संदेश दिया।
पारदर्शी मूल्यांकन के लिए विशेषज्ञ निर्णायक मंडल
प्रतियोगिताओं के निष्पक्ष एवं पारदर्शी मूल्यांकन के लिए विभिन्न शिक्षण संस्थानों, प्रशासनिक विभागों तथा सामाजिक संगठनों के प्रतिष्ठित शिक्षाविदों एवं विशेषज्ञों को निर्णायक मंडल में शामिल किया गया। सभी प्रतियोगिताओं का मूल्यांकन निर्धारित मानकों के अनुसार किया गया।
इस मौके पर उपायुक्त ऊना ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी बच्चों को नशे से दूर रहने और दूसरों को भी इस बारे जागरूक करने की शपथ दिलाई। इस मौके पर हिमकैप्स कॉलेज बढेड़ा के चेयरमैन विक्रमजीत सिंह, जिला युवा स्पोर्ट्स अधिकारी प्रदीप कुमार, तहसील कल्याण अधिकारी ऊना जितेंद्र शर्मा सहित अन्य उपस्थित रहे।


