गोपेश्वरः उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम ने करवट ली बारिश के बीच पहाड़ों पर हुई बर्फबारी से यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब का नजारा बदल गया है। श्री हेमकुंड साहिब में बर्फबारी से धाम का नजारा बेहद मनमोहक हो गया है। चारों ओर बर्फ की सफेद चादर और खूबसूरत पहाड़ श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। श्रद्धालु जहां आस्था के साथ गुरुद्वारा साहिब में मत्था टेक रहे हैं, वहीं इस अद्भुत प्राकृतिक सौंदर्य का भी आनंद ले रहे हैं। लेकिन इस कठिन मौसम और दुर्गम ऊंचाई पर भी चमोली पुलिस के जवान पूरी मुस्तैदी के साथ अपनी ड्यूटी निभा रहे हैं।
यमुनोत्री धाम सहित यमुना घाटी में शनिवार सुबह से झमाझम बारिश हो रही है। यमुनोत्री धाम के आसपास के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी हुई है। टॉप, सप्त ऋषि कुंड, बंदरपूंछ और गरुड़ गंगा क्षेत्र में हिमपात की सूचना है। बारिश और बर्फबारी के बाद यमुनोत्री धाम में ठंड बढ़ गई है। इसके बावजूद श्रद्धालु धाम पहुंच रहे हैं। यमुना मंदिर के पुजारी गिरीश उनियाल ने बताया कि मौसम बदलने के बाद धाम में ठंड बढ़ गई है। उधर, हेमकुंड साहिब क्षेत्र में भी बर्फबारी हुई है। यहां आधा फीट से अधिक बर्फ जम गई है। श्रद्धालुओं की सुरक्षित आवाजाही के लिए पुलिस और एसडीआरएफ के जवान मौके पर पहुंचे हैं।
जवान श्रद्धालुओं को सुरक्षित आवाजाही में मदद कर रहे हैं। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मौसम को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर भी नजर रखी जा रही है। मौसम विभाग की ओर से जारी रेड अलर्ट के मद्देनजर उत्तरकाशी जिले में प्रशासन अलर्ट मोड पर है। जिलाधिकारी के निर्देश पर हीना और डोबाटा होल्डिंग पॉइंट्स पर गंगोत्री धाम और यमुनोत्री धाम की यात्रा को अस्थायी रूप से रोकने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं बदरीनाथ-केदारनाथ यात्रा सुचारू है। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र और स्मार्ट कंट्रोल रूम को अलर्ट मोड पर रखा गया है। जिले की सभी तहसीलों से बारिश और भूस्खलन से जुड़ी सूचनाएं लगातार ली जा रही हैं और स्थिति की निगरानी की जा रही है। गंगोत्री और यमुनोत्री धाम की लाइव सीसीटीवी के माध्यम से भी लगातार निगरानी की जा रही है।