लुधियानाः एसजीपीसी सदस्य अमरजीत सिंह चावला के खिलाफ दर्ज कथित दुष्कर्म मामले को लेकर मामला गरमाया हुआ है। बीते दिन इस मामले को लेकर SGPC अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने चुप्पी तोड़ी और साफ किया है कि उन्हें इस मामले की कोई जानकारी नहीं है। वहीं आज सर्किट हाउस में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए आम आदमी पार्टी की विधायक प्रो. बलजिंदर कौर ने इस मामले में अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल को घेरा।
प्रो. बलजिंदर कौर ने दावा किया कि शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) सीधे तौर पर सुखबीर सिंह बादल के प्रभाव में काम करती है। उन्होंने कहा कि आम तौर पर ‘सरां’ (तीर्थयात्रियों के ठहरने की जगह) में कमरा पाने के लिए सिफारिश की ज़रूरत होती है, लेकिन सवाल यह उठता है कि वह महिला इतने लंबे समय तक वहां कैसे रह पाई।
उन्होंने कहा कि इस घटना पर बादल परिवार की चुप्पी सवाल खड़े करती है, क्योंकि SGPC में उस परिवार की मंज़ूरी के बिना कुछ भी नहीं होता। उन्होंने इस मामले में बादल परिवार से स्पष्टीकरण की मांग की है। उन्होंने कहा कि इस वजह से सुखबीर बादल की यह जिम्मेदारी बनती है कि वे खुद सामने आएं और पूरे मामले पर अपना स्पष्टीकरण दें। विधायक ने कहा कि जनता इस मामले की सच्चाई जानना चाहती है और सभी सवालों के जवाब सार्वजनिक रूप से दिए जाने चाहिए।
बता दें कि बीते दिन धामी ने कहा इसकी जांच के लिए चार मेंबर की कमेटी बनाई गई है। इस कमेटी में बलदेव सिंह कायमपुरी, गुरमीत सिंह, बीबी गुरिंदर कौर और गुरबख्श सिंह खालसा को शामिल किया गया है और बलविंदर सिंह कालवां को कोऑर्डिनेटर बनाया गया है। इसके अलावा, प्रधान धामी ने यह भी कहा कि इस मामले में शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के मेंबर के तौर पर अमरजीत सिंह चावला का इस्तीफा मंजूर कर लिया गया है और मलकीत सिंह को शिरोमणि कमेटी की सर्विस से हटाकर पक्की छुट्टी दे दी गई है।