डॉ. बलजीत कौर के नेतृत्व में जागरूकता और रोकथाम गतिविधियों को मिलेगी और रफ्तार
चंडीगढ़: पंजाब में नशों के विरुद्ध जागरूकता और रोकथाम गतिविधियों को और प्रभावी बनाने के लिए सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास विभाग को वित्तीय वर्ष 2026-27 के दौरान ₹1 करोड़ का टोकन ग्रांट प्राप्त हुआ है। इसमें से 12 जिलों में जागरूकता और रोकथाम गतिविधियों के लिए ₹85 लाख जारी किए गए हैं, जबकि माह अगस्त, 2026 के दौरान श्री मुक्तसर साहिब के मलोट में आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय नशा विरोधी कार्यक्रम के लिए ₹15 लाख आरक्षित रखे गए हैं।
सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार नशों के खात्मे के लिए जागरूकता, रोकथाम, पुनर्वास और जनभागीदारी को समान महत्व दे रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशों से दूर रखना और स्वस्थ समाज का निर्माण सरकार की प्रमुख प्राथमिकता है।
फाजिल्का, तरन तारन, फिरोजपुर, फरीदकोट, श्री मुक्तसर साहिब, रूपनगर, एस.ए.एस. नगर (मोहाली), पठानकोट, कपूरथला, गुरदासपुर, लुधियाना और पटियाला जिलों में विशेष जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। इनके तहत स्कूलों, कॉलेजों, गांवों और शहरी क्षेत्रों में नशों के दुष्प्रभावों के बारे में लोगों को जागरूक किया जाएगा और युवाओं को नशों से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि मलोट में होने वाला राज्य स्तरीय नशा विरोधी कार्यक्रम उनकी अध्यक्षता में करवाया जाएगा, जिसमें विभिन्न सरकारी विभागों, शैक्षणिक संस्थानों, युवा संगठनों, समाज सेवी संस्थाओं और अन्य हितधारकों की व्यापक भागीदारी होगी।यह कार्यक्रम नशों के घातक प्रभावों के बारे में जन-जागरूकता बढ़ाने, युवाओं में रोकथाम की सोच को मजबूत करने और समाज के हर वर्ग को नशा-मुक्त पंजाब के अभियान से जोड़ने में अहम भूमिका निभाएगा।
डॉ. बलजीत कौर ने कहा, “नशों के विरुद्ध लड़ाई केवल सरकार की नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग की साझा जिम्मेदारी है। परिवारों, शैक्षणिक संस्थानों, सामाजिक संगठनों और युवाओं की सक्रिय भागीदारी से ही हम नशा-मुक्त पंजाब का सपना साकार कर सकते हैं।” सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास विभाग सभी हितधारकों के सहयोग से जागरूकता और रोकथाम गतिविधियों को और विस्तार देने के लिए प्रतिबद्ध है ताकि नशों के विरुद्ध संदेश पंजाब के हर कोने तक पहुँच सके।