नई दिल्लीः कॉमनवेल्थ गेम्स के 10वें दिन भारतीय मुक्केबाजों का जलवा देखने को मिला है। प्रीति पवार, जैस्मिन लंबोरिया, साक्षी चौधरी, प्रिया घंघास, अरुंधति चौधरी, सचिन सिवाच और अंकुश पंघाल ने गोल्ड मेडल जीता है। जबकि मुक्केबाज जदुमणि सिंह मांदेंगबाम, लवलीना बोरगोहेन और नरेंद्र बनवाल को रजत पदक मिला है। अरुंधति चौधरी ने 70 किग्रा फाइनल में इंग्लैंड की चैंटेल रीड को हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
प्रिया घंघास ने कनाडा की मैरी-बथौल अल-अहमदिएह को हराया। वहीं साक्षी चौधरी ने शनिवार को 51किग्रा फाइनल में इंग्लैंड की रूबी व्हाइट को हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। भारतीय पैरा एथलीट सोमन राणा (13.40 मीटर) और शुभम जुयाल (13.28 मीटर) ने गोला फेंक स्पर्धा के एफ57 वर्ग में क्रमशः स्वर्ण और रजत पदक जीते। इससे पहले मुक्केबाज जदुमणि सिंह मांदेंगबाम को शनिवार को पुरुषों के 55 किग्रा फाइनल में रजत पदक से संतोष करना पड़ा है। उन्हें फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के जे डिक्सन ने हराया।
वहीं भारतीय मुक्केबाज प्रीति पवार और जैस्मिन लंबोरिया ने शनिवार को कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में बॉक्सिंग में गोल्ड मेडल अपने नाम किया। प्रीति ने शनिवार को महिलाओं के 54 किग्रा फाइनल में कनाडा की स्कारलेट सवाना डेलगाडो को हराकर गोल्ड मेडल जीता है। भारत का कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में बॉक्सिंग में ये पहला पदक रहा। महिलाओं के 57 किग्रा फाइनल में भारतीय मुक्केबाज जैस्मिन लंबोरिया ने माइकेला वॉल्श को हराकर स्वर्ण पदक जीता। भारत का बॉक्सिंग में ये दूसरा मेडल है। ग्लासगो में पुरुषों की ट्रिपल जंप फाइनल में भारत के प्रवीण चित्रवेल ने 16.58 मीटर की अपनी सर्वश्रेष्ठ छलांग के साथ सिल्वर मेडल जीता, जबकि सेल्वा प्रभु थिरुमारन ने 16.52 मीटर के सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया।
भारत ने कॉमनवेल्थ गेम्स में अब तक शानदार प्रदर्शन किया है। वेटलिफ्टिंग, जूडो और जैवलिन थ्रो सहित अन्य खेलों में कुल 38 पदक जीते हैं। अब तक भारतीय दल 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 8 ब्रॉन्ज मेडल जीत चुका है। फाइनल में पहुंचे मुक्केबाज अब अंतिम कदम पूरा करने और अपने शानदार अभियान को कॉमनवेल्थ गेम्स के गोल्ड मेडल में बदलने की कोशिश करेंगी।
