नई दिल्लीः नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में संकट के गहराने के कारण दुनियाभर के शेयर बाजारों में गिरावट आई है। इसका असर घरेलू शेयर बाजार में भी देखने को मिल रहा है। लगातार पांचवें दिन आज शेयर बाजार गिरावट के साथ खुला है। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स में 500 अंक से ज्यादा गिरावट आई है जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 इंडेक्स भी 23,700 के करीब पहुंच गया। सुबह 9.20 बजे सेंसेक्स 502.78 अंक यानी 0.66% गिरावट के साथ 75,888.61 अंक पर ट्रेड कर रहा था।
निफ्टी भी 124.75 अंक यानी 0.52% फिसलकर 23,744.85 अंक पर आ गया। इस बीच डॉलर के मुकाबले आज रुपया 0.06% कमजोर होकर 96.63 पर खुला। पिछले सत्र में यह 96.5725 पर बंद हुआ था। सेंसेक्स के 30 में से 29 शेयर गिरावट के साथ खुले। इन्फोसिस में सबसे ज्यादा गिरावट रही। इसके अलावा भारती एयरटेल, इटरनल, इंडिगो, टाटा स्टील, बजाज फाइनेंस, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फिनसर्व, एचडीएफसी बैंक, एशियन बैंक, मारुति, लार्सन एंड टुब्रो, ट्रेंट और अडानी पोर्ट्स में भी उल्लेखनीय गिरावट आई है। दूसरी ओर केवल एचसीएल टेक का शेयर तेजी के साथ खुला।
आज एशियाई बाजारों में भारी गिरावट देखी जा रही है। कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण निवेशकों में महंगाई बढ़ने का डर हावी है। इसके चलते सभी प्रमुख एशियाई बाजार आज लाल निशान में कारोबार करते नजर आ रहे हैं। सुबह के शुरुआती कारोबार में जापान का निक्केई 225 इंडेक्स 3% तक टूट चुका है। वहीं, सबसे बड़ी गिरावट दक्षिण कोरिया के कोस्पी में देखी जा रही है। यह 3.4% तक नीचे आ गया है। हांगकांग का हैंगसेंग भी दबाव में है। इसमें 1.1% की गिरावट देखी जा रही है। चीन का शंघाई कम्पोजिट भी 0.07% नीचे है।
वीरवार रात अमेरिकी शेयर बाजार में भी भारी गिरावट दर्ज की गई। टेक शेयरों में मंदी के चलते नैस्डैक कम्पोजिट 553 अंक लुढ़ककर 25137 पर बंद हुआ। डाऊ जोन्स भी 506 अंकों की गिरावट के साथ 51711 के स्तर पर बंद हुआ। S&P 500 भी 1.21% के नुकसान के साथ 7408 के स्तर पर आ गया। कल कारोबार के दौरान गूगल की पेरेंट कंपनी Alphabet के शेयरों में 7% तक की बड़ी गिरावट देखी गई। कंपनी के तिमाही नतीजे बेहतर रहे, लेकिन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर खर्च बढ़ाने की बात ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी। कल Tesla के शेयर भी 14% तक क्रैश हो गए। इस तेज बिकवाली के चलते अमेरिका की 7 सबसे बड़ी टेक कंपनियों- Magnificient Seven की मार्केट वैल्यू से 889 बिलियन डॉलर स्वाहा हो गए।

