अमृतसरः केंद्रीय मंत्री आज दोपहर को अमृतसर पहुंचे। एयरपोर्ट पर उन्हें पंजाब के मंत्री कुलदीप धालीवाल और हरभजन सिंह ईटीओ ने रिसीव किया। इसके बाद यहां से वे सीधा गोल्डन टेंपल नतमस्तक होने के लिए पहुंचे। जहां उनके साथ बड़ी गिनती में सगंत माथा टेकने के लिए पहुंची। जिसके बाद वह दिल्ली-कटरा नेशनल हाईवे का दौरा करने भी गए। नितिन गडकरी ने पंजाब में चल रहे हाईवे प्रोजेक्ट्स की विस्तृत जानकारी दी है। इसके साथ-साथ ही वे पंजाब-हरियाणा के बीच पैदा हुए पानी के विवाद का हल भी बता गए हैं। गडकरी ने कहा कि भारत में काफी पानी है। आजादी के बाद भारत के हिस्से में तीन और पाकिस्तान के हिस्से में तीन नदियां आई थी, लेकिन आज तक भारत के हिस्से का पानी पाकिस्तान पहुंच रहा है। अगर वे पानी हम चैनलाइज कर लें तो हरियाणा के साथ-साथ राजस्थान को भी पानी दे सकते हैं।
इस दौरान उन्होंने पंजाब के अमृतसर के लिए रोपवे की घोषणा भी की। वहीं, उन्होंने पंजाब सरकार को नसीहत दी है कि हमेशा भविष्य की प्लानिंग करें। पंजाब के किसान आज पराली जलाते हैं, लेकिन आने वाले समय में पराली के लिए झगड़े होंगे। उन्होंने कहा कि वे जो कहते हैं, वे 100 टका सोच कर कहते हैं। इस पराली से इथेनॉल तैयार हो सकता है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी अमृतसर दौरे के दौरान अटारी सरहद पर पहुंच देश का सबसे ऊंचा तिरंगा फहराया। उन्होंने कहा कि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि सरहद पर लगाया गया ये तिरंगा एक खास सर्विलांस तकनीक से सुसजित है। इसके टॉप पर एक सिस्टम लगाया गया है, जो हमारे जवानों की सरहद पर निगरानी में मदद करेगा।
अटारी बॉर्डर पर लगाया ये तिरंगा पड़ोसी देश पाकिस्तान के झंडे से 18 फीट ऊंचा है। इससे पहले भारतीय तिरंगे के पोल की ऊंचाई 360 फीट थी, जबकि पाकिस्तान झंडे के पोल की ऊंचाई 400 फीट है। अब भारत का स्वर्ण द्वार के सामने तैयार 418 फीट लंबे ध्वज स्तंभ पर तिरंगा फहरा रहा है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) द्वारा 3.5 करोड़ रुपए में इस ध्वज स्तंभ को स्थापित किया गया है। अभी तक कर्नाटक के बेलगाम में देश का सबसे ऊंचा झंडा फहरा रहा है। जिसकी ऊंचाई 110 मीटर है, यानी कि 360.8 फीट, जो अटारी बॉर्डर पर अभी तक फहराए गए तिरंगे से महज 0.8 फीट अधिक है, लेकिन नए ध्वज स्तंभ पर तिरंगा फहराए जाने के बाद, ये देश का सबसे ऊंचा तिरंगा हो गया है।
