गुरदासपुरः पंजाब को क्रप्शन और क्राइम मुक्त बनाने के लिए सरकार विभिन्न प्रयास कर रही है। प्रशासन भ्रष्टाचार में लिप्त सरकारी मुलाजिमों को सस्पेंड कर उनकी सेवाएं खत्म कर रहे हैं। वहीं कई मुलाजिमों को तो पुलिस द्वारा गिरफ्तार भी किया जा रहा है। राज्य के कई जिले में पुलिस ने भ्रष्टाचार में शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों पर गाज गिराई है। ऐसे ही भ्रष्टाचार के मामले में शामिल गुरदासपुर के जिला पंचायत अधिकारी बलजीत सिंह पर सरकार की गाज गिरी है।
दरअसल, पंजाब सरकार ने ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग में 9 लाख रुपये के गबन करने के मामले में जिला पंचायत अधिकारी बलजीत सिंह को निलंबित कर दिया है। गुरदासपुर से कांग्रेस विधायक बरिंदरमीत सिंह पाहड़ा ने विधानसभा में यह मुद्दा उठाया था जिसके बाद सरकार ने आरोपी पर कार्रवाई की है। विधायक बरिन्द्र सिंह पाहड़ा ने बताया कि गुरदासपुर में तैनात बीडीपीओ बलजीत सिंह ने गांव लोधीनंगल पंचायत के प्रबंधक होने के नाते पंचायत में विकास कार्यो के नाम पर लगभग 9 लाख रुपए का गबन किया तथा इस गबन सिंह 23-6-2023 को संबंधित विभाग के अधिकारियों द्वारा जांच पड़ताल के बाद इस अधिकारी को आरोपी ठहरा कर इसके विरुद्ध कारवाई करने की सिफारिश की थी। परंतु उसके बावजूद आज तक इस अधिकारी के विरुद्ध कारवाई नहीं की गई।
पाहड़ा ने बताया कि उन्होंने विधानसभा में उक्त अधिकारी द्वारा लगभग 4 करोड़ रुपए के करवाए विकास कार्यो संबंधी भी विभाग से न तो मंजूरी ली थी तथा न ही इस संबंधी स्पष्टीकरण दिया। जबकि विभाग को बिना बताए यह अधिकारी 2 बार विदेश का दौरा भी कर चुका है। विधायक पाहड़ा द्वारा इस अधिकारी के विरुद्ध उठाए मुद्दे पर पंजाब सरकार ने गांव लोधीनंगल में हुए 9 लाख रुपए के गबन संबंधी करवाई करते हुए उक्त अधिकारी को ग्रामीण विकास व पंचायत विभाग के उप सचिव ने तुरंत सस्पेंड करने का आदेश जारी किया। विधायक बरिन्द्रमीत सिंह पाहड़ा ने बताया कि इस बीडीपीओ के विरूद्व अन्य कई शिकायतें है जिस संबंधी समय आने पर पर्दाफाश किया जाएगा।