ऊना/सुशील पंडित: हिमाचल प्रदेश सरकार के औद्योगिक विभाग द्वारा टाहलीवाल तहसील के बाथू बाथड़ी औद्योगिक क्षेत्र में रैंप और उद्योग 4.0 प्रौद्योगिकियों (जीईएम, सीपीपी, एनएसडीसी और टीआरडीएस) पर एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में ऊना जिले के 60 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिनमें फार्मा, प्रिंटिंग और पैकेजिंग, इलेक्ट्रिकल, ऑटो कंपोनेंट्स, खाद्य एवं पेय पदार्थ और असेंबली जैसे क्षेत्रों से स्थानीय एमएसएमई उद्यमियों और स्वयं सहायता समूह की महिला सदस्य शामिल थे। इस दौरान औद्योगिक क्षेत्र संघ के अध्यक्ष राकेश कौशल भी उपस्थित रहे।
प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए सीईएल के विशेषज्ञ सुखप्रीत सिंह ने एमएसएमई के वास्तविक समय के उपयोग के मामलों के माध्यम से उत्पादकता, गुणवत्ता, समग्र उपकरण प्रभावशीलता और लागत दक्षता में सुधार के लिए एआई, आईओटी, एमएल, स्मार्ट विनिर्माण, क्लाउड कंप्यूटिंग, ईआरपी और सीआरएम जैसी उद्योग 4.0 प्रौद्योगिकियों के महत्व पर प्रकाश डाला। इसके साथ उन्होनें रैंप जागरूकता अभियान के तहत एमएसएमई पंजीकरण और एमएसएमई मार्ट पोर्टल के माध्यम से खुले बाजार तक पहुंच के बारे में भी जानकारी साझा की।
कार्यक्रम के दौरान भारत सरकार के लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय द्वारा समर्थित रैंप पहल का से प्रौद्योगिकी उन्नयन और क्षमता निर्माण के माध्यम से लघु एवं मध्यम उद्यमों के सशक्तिकरण पर चर्चा की गई।