ऊना सुशील पंडित : विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छता के प्रति जनजागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिला ऊना की सभी ग्राम पंचायतों में 5 जून को विशेष ग्राम सभा बैठकों का आयोजन किया जाएगा। इस संबंध में उपायुक्त ऊना जतिन लाल ने आवश्यक आदेश जारी किए हैं। उपायुक्त ने बताया कि इन विशेष बैठकों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति सामूहिक उत्तरदायित्व की भावना को सुदृढ़ करने तथा जनसहभागिता को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी। ग्राम सभाओं में पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता, अपशिष्ट प्रबंधन तथा जिम्मेदार सामाजिक व्यवहार के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर विशेष बल दिया जाएगा।
बैठकों के दौरान ठोस एवं प्लास्टिक कचरे के वैज्ञानिक एवं प्रभावी प्रबंधन में परिवारों, स्थानीय संस्थाओं तथा समुदाय की भूमिका पर विस्तार से विचार-विमर्श किया जाएगा। इसके साथ ही कचरे के पृथक्करण (वेस्ट सेग्रीगेशन), एकल-उपयोग प्लास्टिक के उपयोग में कमी, जैविक कचरे से कम्पोस्ट तैयार करने तथा स्थानीय स्तर पर स्वच्छता गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने के उपायों पर भी चर्चा होगी। ग्राम सभाओं में गांवों, सार्वजनिक स्थलों एवं जल स्रोतों की स्वच्छता बनाए रखने के लिए आमजन की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया जाएगा। साथ ही ग्राम पंचायतों, स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी), स्वच्छाग्रहियों, अग्रिम पंक्ति के कार्यकर्ताओं, युवा एवं महिला मंडलों तथा अन्य स्थानीय हितधारकों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित कर जनभागीदारी आधारित स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण अभियानों को गति देने पर भी विचार किया जाएगा।
उपायुक्त जतिन लाल ने जिला के सभी ग्रामीण नागरिकों से आह्वान किया है कि वे इन विशेष ग्राम सभा बैठकों में बढ़-चढ़कर भाग लें और पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता तथा हरित एवं सतत विकास के सामूहिक प्रयासों को सफल बनाने में अपना सक्रिय योगदान दें। उन्होंने कहा कि स्वच्छ, स्वस्थ, हरित और पर्यावरण-अनुकूल ग्रामों का निर्माण तभी संभव है, जब समाज का प्रत्येक व्यक्ति अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करते हुए इस जन अभियान का हिस्सा बने।
