नई दिल्लीः दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। ऐसे में सर्दियों के मौसम में प्रदूषण पर नियंत्रण के मकसद से अब 1 नवंबर से कमर्शियल वाहन में केवल BS-VI मानक वाले वाहनों को ही दिल्ली की सीमाओं में प्रवेश की इजाजत होगी। दिल्ली में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) में लगातार हो रही गिरावट और पॉल्यूशन की गंभीर चिंताओं के बीच, 1 नवंबर से सभी वाहनों को राष्ट्रीय राजधानी में मुफ्त प्रवेश नहीं मिलेगा। आयोग की ओर से जारी अधिसूचना में कहा गया है कि 1 नवंबर 2025 से दिल्ली में केवल BS-VI, CNG, LNG और इलेक्ट्रिक वाहनों को ही आने की अनुमति होगी।
वहीं, BS-IV या उससे पुराने डीज़ल इंजन वाले ट्रक, टेम्पो और अन्य मालवाहक गाड़ियां अब दिल्ली की सीमाओं में प्रवेश नहीं कर सकेंगी। यह आदेश वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग अधिनियम, 2021 की धारा 12(1) के तहत जारी किया गया है, जिसका उद्देश्य दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण के प्रमुख कारणों में से एक भारी मालवाहक वाहनों से होने वाले उत्सर्जन को नियंत्रित करना है। परिवहन विभाग द्वारा जारी नोटिस में 2 महत्वपूर्ण बातें बताई गई हैं।
जिसमें 1 नवंबर, 2025 से बीएस-VI मानदंडों का पालन न करने वाले व्यावसायिक वाहनों को प्रवेश नहीं मिलेगा और बीएस-IV व्यावसायिक मालवाहक वाहनों को केवल 31 अक्टूबर, 2026 तक ही प्रवेश की अनुमति होगी। CAQM का यह निर्णय 17 अक्तूबर को हुई एक अहम बैठक में लिया गया, जिसमें आयोग ने दिल्ली की सर्दियों में बढ़ते वायु प्रदूषण को देखते हुए यह व्यापक रोक लगाने का फैसला किया। सर्दियों में तापमान गिरने और हवा की गति धीमी होने के कारण प्रदूषक तत्व वातावरण में फंस जाते हैं, जिससे वायु गुणवत्ता ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुंच जाती है। इस दौरान पंजाब और हरियाणा में पराली जलाने से प्रदूषण और भी बढ़ जाता है।
