अमृतसरः पंजाब सरकार द्वारा चलाई जा रही “युद्ध नशेयां विरुद्ध” मुहिम को और मजबूत बनाने के लिए नशा मुक्ति मोर्चे के मांझा जोन इंचार्ज दिवक्षित धवन, आम आदमी पार्टी अमृतसर के जिला प्रमुख प्रभबीर सिंह बराड़ और पार्टी कार्यकर्ताओं द्वारा 5 ई-रिक्शाओं को हरी झंडी देकर रवाना किया गया। इन ई-रिक्शाओं पर नशे के विरोध में जागरूकता बैनर लगाए गए हैं और साथ ही शिकायत बॉक्स भी स्थापित किए गए हैं।
जानकारी देते प्रभबीर सिंह बराड़ ने कहा कि पंजाब सरकार मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुवाई में नशा खत्म करने के लिए पूरी तनदही से काम कर रही है। ये ई-रिक्शे अमृतसर के विभिन्न इलाकों, गलियों और मोहल्लों में जाकर लोगों को नशे के खिलाफ जागरूक करने के साथ-साथ उनसे गुप्त तौर पर जानकारी भी एकत्र करेंगे। कई बार लोग नशा तस्करों के खिलाफ शिकायत तो करना चाहते हैं, लेकिन अपनी पहचान सामने आने के डर के कारण आगे नहीं बढ़ते। इसी को ध्यान में रखते हुए हर ई-रिक्शा पर विशेष शिकायत बॉक्स लगाया गया है, जिसमें कोई भी व्यक्ति अपनी शिकायत या जानकारी बिना नाम दर्ज करवा सकता है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी।
नशा मुक्त मोर्चे के मांझा जोन कोऑर्डिनेटर दिवक्षित धवन ने कहा कि पिछले एक साल दौरान सरकार द्वारा नशे के खिलाफ बड़ी स्तर पर मुहिम चलाई गई थी, जिसके तहत बड़े नशा तस्करों और गिरोहों के खिलाफ कार्रवाई की गई। अब इस मुहिम को माईक्रो लेवल पर लाया जा रहा है ताकि हर वार्ड, हर गली और हर मोहल्ले में मौजूद नशा तस्करों की पहचान कर के उनके खिलाफ कार्रवाई की जा सके। उन्होंने बताया कि अमृतसर की 5 विधानसभा हलकों — अमृतसर पूर्वी, पश्चिमी, उत्तर, दक्षिण और केंद्रीय — में एक-एक ई-रिक्शा चलाया जा रहा है। ये रिक्शे लगातार एक महीने तक इलाकों में घूमकर लोगों से जानकारी एकत्र करेंगे और नशा विरोधी संदेश भी फैलाएंगे।
दिवक्षित धवन ने बताया कि सरकार द्वारा नशा छोड़ने के इच्छुक व्यक्तियों के इलाज के लिए भी बड़े स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। अमृतसर में अब तक 2500 से अधिक लोगों को नशा मुक्त केंद्रों और काउंसलिंग के माध्यम से इलाज उपलब्ध करवाया गया है। डॉक्टरों द्वारा मरीजों की स्थिति और इच्छा शक्ति के आधार पर इलाज की योजना तैयार की जाती है। आम आदमी पार्टी के नेताओं ने अमृतसरीयों से अपील की है कि वे नशा के खिलाफ इस मुहिम में सरकार का साथ दें और अपने इलाकों में चल रही गैर-कानूनी गतिविधियों के बारे में जानकारी देकर पंजाब को नशा-मुक्त बनाने में योगदान करें। पंजाब को फिर से खुशहाल, हंसता-खेलता और तरक्कीशील बनाना ही इस मुहिम का मुख्य मकसद है।
