चलती कार में किए स्टंट, गाड़ियों पर चलाए पटाखे
लुधियाना : सोशल मीडिया पर अकसर ही तरह-तरह की वीडियो वायरल होती रहती है। ऐसा ही वीडियो लुधिायाना से सामने आया है। अनोखी फेयरवेल पार्टियों का स्कूलों में आयोजन हो रहा है। कान्वेंट स्कूल के छात्र फेयरवेल पार्टी के बाद सड़कों पर कारों का काफिला लेकर रैलियां निकाल रहे है। गाड़ियों की खिड़कियों से बाहर निकल कर स्टंटबाजी कर रहे है। खुद की जान को खतरे में डाल युवा तेज रफ्तार गाड़ियां हाईवे पर दौड़ा रहे है। तीन दिन पहले की वीडियो सामने आई है जिसमें शहर के नामी स्कूलों के छात्र लग्जरी कारों की रैली निकाल रहे है। ऐसी करीब 3 फेयरवेल रैलियां निकाली जा चुकी है। हालांकि कुछेक युवकों को ट्रैफिक पुलिस ने साउथ सिटी के पास नाकाबंदी के दौरान काबू कर उनके चालान किए हैं। अब पुलिस के पास ऐसी कुछ वीडियो फुटेज भी पहुंची है जिसके आधार पर कार्रवाई होने जा रही है। स्कूलों के बिगड़ैल युवक गाड़ियों का काफिला लेकर शहर के पाश इलाकों विशेषकर साउथ सिटी की तरफ जाते हुए वीडियो में भी दिखाई दे रहे है।
इनमें से कुछ युवक गाड़ियों की छत और दरवाजों से बाहर निकाल कर स्टंटबाजी करते भी दिखाई दिए। कई कारों पर पटाखे चला रहे है। ट्रैफिक नियमों की सरेआम अवहेलना की जा रही है। ये बिगड़ैल युवक खुद के साथ-साथ लोगों के लिए भी जान का खतरा बने हुए है। इन रैलियों के खिलाफ अब ट्रैफिक पुलिस भी अलर्ट मोड पर आ चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि लगातार लुधियाना के सोशल मीडिया पर नजर रखी जा रही है। कुछ गाड़ियों के नंबर ट्रेस कर लिए गए है। उन कार चालकों के खिलाफ एक्शन लिया जाएगा। थार के दरवाजे से बाहर निकल कर स्टंट कर रहे एक युवक की ऐसे ही खंभे से टकराने के दौरान मौत भी हो चुकी है। घटना करीब 4 महीने पहले सैक्टर 32 के इलाके की है। थार में सवार युवक दरवाजों के बाहर निकाल कर स्टंटबाजी कर रहे थे, जिससे एक युवक का सिर अचानक खंभे से टकरा गया व नजदीकी अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी।
ट्रैफिक ACP चरणजीव लांबा ने कहा कि मामले ध्यान में है। करीब 5 स्कूलों को नोटिस भेजा गया है। सेफ सिटी कैमरों और सोशल मीडिया से प्राप्त वीडियो से कार चालकों की पहचान की जा रही है। कुछ वीडियो फुटेज में युवक गाड़ियों में सवार होकर हड़दुंग मचा रहे हैं जो सरासर ट्रैफिक नियमों के विपरित है। अगर चालक नाबालिग हुए तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है जिसमें 25 हजार रुपए तक का जुर्माना शामिल है। इसके अलावा नाबालिग चालकों के हाथों में गाड़ियों की चाबियां थमाने वाले पेरेंट्स को भी 3 साल तक की कैद हो सकती है। इसके साथ ही नाबालिग चालक का 25 वर्ष की आयु तक ड्राइविंग लाइसेंस नहीं बन पाएगा और साथ ही एक वर्ष के लिए वाहन की आर.सी. भी रद्द हो सकती है।
