फतेहगढ़ साहिबः गांव खनयान से दर्दनाक हादसा सामने आया है। दरअसल, घर के स्टोर में गेहूं को सुरक्षित रखने के लिए ड्रम में रखी सल्फा की गोलियों से निकली ज़हरीली गैस ने एक ही परिवार की खुशियां उजाड़ दी हैं। इस हादसे में दो मासूम बच्चों की मौत हो गई, जबकि दो लड़कियों और एक महिला की हालत गंभीर बनी हुई है। तीनों को इलाज के लिए चंडीगढ़ के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां वे ज़िंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहे हैं।
मिली जानकारी के मुताबिक, गांव खनयान में दो भाई अपने-अपने परिवारों के साथ एक ही घर में रहते हैं। कुछ दिन पहले परिवार ने स्टोर में रखे गेहूं को कीड़ों से बचाने के लिए अनाज के ड्रम में सल्फा की गोलियां रखी थीं। जिस स्टोर में गेहूं रखा गया था, उसका एक दरवाज़ा सीधे बेडरूम में खुलता था, जहां दोनों परिवार अपने बच्चों के साथ सोते थे।
बताया जा रहा है कि रात को परिवार के बच्चों की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। सबसे पहले, सिर्फ़ 13 दिन की मासूम बच्ची हरसिरत कौर की हालत गंभीर हुई और कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। परिवार इस सदमे से उबर भी नहीं पाया था कि करीब 4 साल के मनराज सिंह की भी तबीयत बिगड़ गई। उसे लगातार उल्टियां होने लगीं। परिवार के लोग उसे इलाज के लिए अस्पताल ले गए और दवा दिलवाकर घर वापस ले आए, लेकिन उसकी हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। सुबह एक प्राइवेट अस्पताल में इलाज के दौरान मनराज सिंह की भी मौत हो गई।
इस हादसे में परिवार की 13 और 8 साल की दो लड़कियों और एक महिला की हालत भी गंभीर है। तीनों को बेहतर इलाज के लिए चंडीगढ़ रेफर किया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
दो मासूमों की मौत के बाद हेल्थ डिपार्टमेंट और मेडिकल टीम ने मौके का मुआयना किया। जांच के दौरान शुरुआती तौर पर पता चला कि स्टोर में गेहूं के बीच रखी सल्फास की गोलियों से ज़हरीली गैस निकली थी। बेडरूम में AC लगा होने की वजह से यह गैस स्टोर से खींचकर कमरे में फैल गई, जिससे वहां सो रहे परिवार के सभी सदस्य इससे प्रभावित हुए। इस ज़हरीली गैस के ज़्यादा देर तक संपर्क में रहने की वजह से बच्चों और परिवार के दूसरे सदस्यों की तबीयत बिगड़ गई।

