होशियारपुरः श्री गुरु रविदास जी के 650वें प्रकाश पर्व को लेकर गुरुद्वारा खुरालगढ़ में राज्य स्तरीय समागम का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान सहित पूरी कैबिनेट मौजूद रही। इस मौके पर सीएम ने कहा कि उनकी सरकार गुरु साहिब द्वारा दिखाए गए मार्ग पर चल रही है। वहीं उन्होंने कहा कि गुरु साहिब के प्रकाश पर्व को लेकर पूरे साल समागम आयोजित किए जाएंगे। हम प्रबंधकों की भूमिका में रहेंगे, जबकि समागम कहां करवाने हैं और अन्य सभी व्यवस्थाएं संत समाज तय करेगा। सीएम मान ने बताया कि खुलारगढ़ साहिब में पंजाब सरकार द्वारा 144 करोड़ रुपये की लागत से गुरु रविदास मेमोरियल तैयार किया गया है, जो लगभग 12 एकड़ में फैला हुआ है।
उन्होंने कहा कि लोगों की जरूरतें पूरी करना ही असली सेवा है। इसी के तहत खुलारगढ़ साहिब में पीने वाले पानी के लिए ट्यूबवेल और 50 हज़ार लीटर का वाटर टैंक 80.64 लाख रुपये की लागत से बनाया गया है। इसके अलावा चरण छो गंगा अमृत कुंड में भी ट्यूबवेल और वाटर टैंक का काम 96 लाख रुपये के साथ 28 फरवरी 2026 तक पूरा हो जाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि डेरा बल्लां के पास गांव नौगजा और फिरोजपुर में गुरु रविदास महाराज जी की बाणी अध्ययन केंद्र के लिए लगभग 11 एकड़ जमीन 9 करोड़ रुपये की लागत से खरीदी गई है।
सीएम मान ने कहा कि 20 फरवरी 2027 को मनाए जाने वाले गुरु रविदास महाराज जी के 650वें जन्मदिवस को विश्व स्तर पर मनाने के लिए आज से ही तैयारियों की शुरुआत की जा रही है। पंजाब की यूनिवर्सिटियों समेत राज्य के कई स्थानों पर सेमिनार, संत सम्मेलन, कॉन्फ्रेंस, कथा और कीर्तन समारोह आयोजित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने डॉ. भीमराव अंबेडकर का जिक्र करते हुए कहा कि शिक्षा दो तरह की है। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार के लिए शिक्षा और स्वास्थ्य सबसे बड़ी प्राथमिकता है। पंजाब के हर परिवार को 10 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा देने का फैसला किया गया है ताकि कोई भी व्यक्ति इलाज से वंचित न रहे। अंत में मुख्यमंत्री ने गुरु रविदास महाराज जी के चरणों में नतमस्तक होकर लोगों की सेवा के लिए शक्ति और आशीर्वाद की अरदास की।
प्रभारी मनीष सिसोदिया ने कहा कि उनकी सरकार गुरु रविदास जी द्वारा दिखाए गए मार्ग पर चल रही है। आज पूरी कैबिनेट यहां उपस्थित है और सरकार समाज के सभी वर्गों को बराबरी का अधिकार दे रही है। आज सिर्फ पंजाब ही नहीं, बल्कि पूरे देश को ऐसी राजनीति की जरूरत है, जो सभी को आगे बढ़ने के अवसर दे न कि केवल मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री के दोस्तों और करीबियों को। सभी को समान रूप से आगे बढ़ने का मौका मिलना चाहिए। सीएम ने कहा कि 650वें प्रकाश पर्व की शुरुआत आज से की जा रही है। इस दौरान सभी विश्वविद्यालयों में सेमिनार होंगे। वहीं जहां संत समाज कहेगा, वहां समागम होंगे। हमारे गुरुओं की शताब्दी की ऐसी मिसाल कहीं मिलनी चाहिए।
इस दौरान संत सम्मेलन, कीर्तन और कथाएं होंगी। बाकी जैसा संत समाज तय करेगा, वैसा ही होगा। हम तो केवल प्रबंधक हैं। संत समाज में बहुत गुणी लोग बैठे हैं। सीएम ने कहा मैं जब पहले भी यहां आया था, तो बाबा जी ने मुझे आशीर्वाद दिया था“काका, तैयारी कर ले। तेरी कलम से जो फैसले होने हैं, उनके लिए परमात्मा तैयार है। लेकिन ऐसा फैसला न हो, जिससे आम लोगों का नुकसान हो।” आपके एक साइन से किसी को सुविधा मिल जाती है, किसी की कबीलचारी लीक पर चढ़ जाती है, तो इससे बड़ी कोई मिसाल नहीं हो सकती। ऐसे गुरुओं से यही प्रार्थना है कि इस तरह कृपा करते रहें।
सीएम ने कहा कि हमारे संविधान के रचयिता, जिन्होंने बहुत छोटे परिवार से उठकर पीएचडी की, विदेशों में जाकर पढ़ाई की। उस समय छुआछूत का रिवाज था, उन्हें कक्षा में बैठने नहीं दिया जाता था, वे दूर बैठकर पढ़ते थे। बाद में उन्होंने हमारा संविधान लिखा। विद्या शेरनी के दूध की तरह होती है, जो उसे पी लेता है, वह दहाड़ेगा ही। अब स्कूल अच्छे बना दिए गए हैं, ताकि कोई इस वजह से पीछे न रह जाए कि उसे स्कूल, शिक्षक या किताबें नहीं मिलीं। गरीब परिवारों के बच्चे भी अब सरकारी स्कूलों से पढ़कर अफसर बन रहे हैं। पहले बीमारी आ जाती थी तो आदमी कह देता था कि इलाज मत करवाओ, क्योंकि जमा पूंजी खत्म हो जाएगी। लेकिन अब पंजाब के हर परिवार को दस लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा मिलेगा। पैसे की कमी के चलते कोई भी इलाज से वंचित नहीं रहेगा।
