हमले की चेतावनी के बाद सीरिया का लेबनान सीमा बंद
नई दिल्लीः पश्चिम एशिया की धरती पर जंग की आहट अब और तेज हो गई है। इस्राइल और अमेरिका के ईरान पर लगातार हमले और ईरान की जवाबी कार्रवाई पांचवें दिन भी जारी है। बमबारी तेज है और ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि यह अभियान कई सप्ताह तक चल सकता है। वहीं इजायरल के हमले की चेतावनी के बाद सीरिया का लेबनान सीमा बंद कर दिया गया है। IDF ने कहा कि इजरायली एयर फोर्स के F-35I फाइटर जेट (“अदीर”) ने तेहरान के ऊपर एक ईरानी एयर फोर्स के YAK-130 फाइटर जेट को मार गिराया।
उसने कहा कि यह F-35 (“अदीर”) फाइटर जेट द्वारा किसी इंसान वाले फाइटर एयरक्राफ्ट को इतिहास में पहली बार मार गिराने की घटना थी। ईरान ने आधिकारिक तौर पर इसकी पुष्टि नहीं की है। रॉयटर्स को सूत्रों ने बताया कि सऊदी अरामको की सबसे बड़ी घरेलू रिफाइनरी स्थित रास तानूरा पर बुधवार को एक अज्ञात मिसाइल से फिर से हमला किया गया। यह तुरंत स्पष्ट नहीं हो सका कि परिसर में किस चीज से हमला हुआ, जिसे ड्रोन हमले के कारण सोमवार को बंद कर दिया गया था। वहीं अमेरिका ने कुवैत में फ्रेंडली फायर हादसे की पुष्टि की है।
यूएस मिलिट्री के अनुसार कुवैत ने गलती से 3 अमेरिकी एफ-15 लड़ाकू विमानों को मार गिराया। हालांकि घटना को लेकर कुवैत पहले ही इसकी पुष्टि कर चुका है। इससे पहले ईरान ने दावा किया था कि उसने अमेरिकी लड़ाकू विमान को मार गिराया है। एक वायरल वीडियो में विमान को गिरते और पायलट को बचकर पैराशूट से उतरते देखा गया था। वॉल स्ट्रीट जर्नल की एक हालिया रिपोर्ट के अनुसार, कुवैत के ऊपर 3 अमेरिकी एफ-15ई स्ट्राइक ईगल विमानों के गिरने का कारण दुश्मन की कार्रवाई नहीं, बल्कि मित्र देश कुवैत के एक एफ-18 हॉर्नेट द्वारा की गई गलती थी।
बताया जा रहा है कि कुवैती पायलट ने अनजाने में तीन मिसाइलें दाग दीं, जिससे ये अमेरिकी विमान क्रैश हो गए। हालांकि, राहत की बात यह रही कि विमानों के चालक दल पैराशूट की मदद से सुरक्षित निकलने में सफल रहे। इसके बाद कुवैत के रक्षा मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि “अमेरिका के कई लड़ाकू विमान हादसे का शिकार हुए हैं।” हालांकि इसकी वजह क्या रही या फिर किसने इन्हें मार गिराया, इसको लेकर कुछ बताया नहीं गया था। यूएस सेंट्रल कमांड ने एक बयान में कहा, “एपिक फ्यूरी को जवाब देने के इरादे से उड़ान भर रहे 3 यूएस-15ई स्ट्राइक ईगल कुवैत के ऊपर एक फ्रेंडली फायर का शिकार हो गए।”