नई दिल्लीः लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ने नामांकन के अंतिम वक्त अपने पत्ते खोल दिए हैं। पार्टी ने रायबरेली से राहुल गांधी और अमेठी से किशोरी लाल शर्मा को उम्मीदवार घोषित किया है। दोनों नामों की लिस्ट आ गई है। राहुल गांधी अब तक अमेठी से चुनाव लड़ते हैं। इस बार पार्टी ने उनकी सीट बदल दी है। जबकि केएल शर्मा पहली बार चुनावी मैदान में होंगे। शर्मा को सोनिया गांधी का करीबी माना जाता है। वो अब तक रायबरेली में सांसद प्रतिनिधि के रूप में जिम्मेदारी संभालते आए हैं। 7 चरण के आम चुनाव के 5वें फेज में 20 मई को अमेठी और रायबरेली सीट पर मतदान होगा। ये दोनों सीटें परंपरागत रूप से गांधी-नेहरू परिवार के सदस्यों के पास रही हैं। पहली बार पार्टी ने अमेठी से गैर गांधी परिवार से उम्मीदवार बनाया है।

अमेठी और रायबरेली में नामांकन की तैयारी पूरी हो गई है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी नामांकन प्रक्रिया में शामिल होने के लिए रायबरेली जा रहे हैं। खड़गे सुबह 10:30 बजे रायबरेली पहुंचेंगे। बता दें कि अमेठी से बीजेपी की सांसद स्मृति ईरानी एक बार फिर चुनावी मैदान में हैं। जबकि रायबरेली से बीजेपी ने दूसरी बार दिनेश प्रताप सिंह पर भरोसा जताया है। दिनेश 2019 का चुनाव हार गए थे। 2019 में रायबरेली से कांग्रेस नेता सोनिया गांधी ने जीत हासिल की थी।
2014 और 2019 में अमेठी सीट पर राहुल गांधी और स्मृति ईरानी के बीच चुनावी मुकाबला देखा गया। 2014 में राहुल ने जीत हासिल की थी। जबकि 2019 में स्मृति ईरानी ने बड़ा उलटफेर किया था और पहली बार जीत हासिल की थी। इस बार कांग्रेस ने अमेठी में नया दांव खेला है और अपने करीबी किशोरीलाल शर्मा को मैदान में उतारकर चौंका दिया है। अमेठी सीट पर राहुल गांधी ने पहली बार 2004 में चुनाव जीता था। उसके बाद वे लगातार तीन बार 2019 तक वहां से संसद सदस्य बने रहे. राहुल वर्तमान में केरल के वायनाड सीट से सांसद हैं और इस बार भी उन्होंने वायनाड से चुनाव लड़ा है। वहां दूसरे चरण में वोटिंग हो गई है।
पार्टी ने इस बार राहुल गांधी की यूपी में सीट बदल दी है। राहुल को गांधी परिवार की दूसरी परंपरागत सीट रायबरेली से चुनाव मैदान में उतारा गया है। सूत्रों का कहना है कि राहुल गांधी के नामांकन प्रक्रिया में कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी शामिल हो सकती हैं। 2019 के चुनाव में कांग्रेस यूपी की जो एक सीट जीत सकी थी, वो रायबरेली सीट ही थी। इस सीट से सोनिया गांधी संसद पहुंची थीं। सोनिया गांधी इस बार लोकसभा चुनाव नहीं लड़ रही हैं। वे राजस्थान से राज्यसभा पहुंच चुकी हैं। दरअसल, सोनिया गांधी ने 2019 में घोषणा की थी कि यह उनका आखिरी लोकसभा चुनाव होगा। वे 1999 में कांग्रेस अध्यक्ष बनने के बाद पहली बार अमेठी से चुनाव लड़ी थीं और जीत हासिल की थी। उसके बाद 2004 में वो पहली बार रायबरेली से चुनाव लड़ीं और जीतीं। सोनिया गांधी कुल पांच बार सांसद चुनी गईं।