18 खैर के मोछे ट्राले में, 13 जमीन से कर रहे थे लोड, एक गिरफ्तार, एक फरार
ऊना/सुशील पंडित: कुटलैहड़ विस क्षेत्र की रामगढ़ धार क्षेत्र में वन विभाग ने अवैध खैर कटान के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को ट्राले सहित पकड़ने में सफलता हासिल की है। यह कार्रवाई डीएफओ सुशील राणा के नेतृत्व में की गई। विभाग की टीम पिछले तीन दिनों से वन काटुओं की गतिविधियों पर नजर रखे हुए थी और लगातार रेकी कर रही थी। आखिरकार 72 घंटे की कड़ी निगरानी के बाद वन विभाग की टीम ने आरोपी को रंगे हाथ पकड़ लिया। वन विभाग की इस कार्रवाई से क्षेत्र में अवैध कटान करने वाले लोगों में हड़कंप मच गया है।
विभाग के अधिकारियों ने साफ कहा है कि जंगलों को नुकसान पहुंचाने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जानकारी के अनुसार वन रक्षक प्रभारी मोमन्यार बीट सुशील कुमार अपनी टीम के साथ नियमित गश्त पर थे। इसी दौरान बौल पेट्रोल पंप के नजदीक एक संदिग्ध पिकअप ट्राला दिखाई दिया। टीम ने मौके पर पहुंच कर जांच की तो पाया कि ट्राले में अवैध रूप से खैर के मोछे लोड किए जा रहे थे। वन विभाग की टीम ने मौके पर शेर सिंह पुत्र रमेश चंद निवासी गांव टांडा डाकघर वल्ह तहसील बंगाणा जिला ऊना को पकड़ लिया। वहीं एक अन्य व्यक्ति अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया।
जांच के दौरान पिकअप ट्राले में 18 खैर के मोछे लोड पाए गए जबकि 13 मोछे गाड़ी के पास जमीन पर पड़े हुए मिले। यह पूरी घटना रात करीब 11 बजे की बताई जा रही है। वन विभाग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए ट्राला और लकड़ी को कब्जे में ले लिया। वन विभाग ने इस मामले में शेर सिंह और एक अन्य अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ फॉरेस्ट एक्ट और इंडियन फॉरेस्ट एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
वन विभाग अब आरोपित से पूछताछ कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि यह अवैध कटान कहां-कहां से किया गया और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि वन काटुए सरकारी जंगलों से अवैध रूप से खैर के पेड़ों को काटकर ठेकेदारों तक पहुंचाते थे। इसके बदले उन्हें मोटी रकम मिलती थी। अब विभाग इस पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटा हुआ है ताकि इस अवैध कारोबार में शामिल सभी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके।
तीन दिनों से चल रही थी गुप्त निगरानी,फॉरेस्ट गार्ड कर रहे थे रेकी
रेंज ऑफिसर खुरबाई फॉरेस्ट सर्कल संदीप कुमार ने बताया कि विभाग को पिछले कुछ समय से रामगढ़ धार क्षेत्र में अवैध खैर कटान की शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद विभाग ने विशेष टीम गठित कर गुप्त निगरानी शुरू कर दी थी। उन्होंने बताया कि विभाग के फॉरेस्ट गार्ड सिविल कपड़ों में इलाके में रेकी कर रहे थे और लगातार इन वन काटुओं की हर गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी। तीन दिनों तक लगातार पीछा करने के बाद आखिरकार टीम को सफलता मिली और आरोपी को अवैध लकड़ी के साथ पकड़ लिया गया। संदीप कुमार ने कहा कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है कि उसने किन-किन जगहों पर अवैध कटान किया और यह लकड़ी किस ठेकेदार को देने वाला था। जांच पूरी होने के बाद इस मामले में और भी लोगों की गिरफ्तारी हो सकती है।
डीएफओ की चेतावनी, अवैध कटान करने वालों को नहीं बख्शा जाएगा
डीएफओ ऊना सुशील राणा ने कहा कि वन विभाग जंगलों को बचाने के लिए पूरी तरह सतर्क है और अवैध कटान करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने बताया कि विभाग को अभी और भी अवैध कटान करने वालों के बारे में जानकारियां मिली हैं और जल्द ही उन पर भी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि चार दिन पहले ही मलकीयत भूमि से खैर कटान को बंद किया गया था, लेकिन इसके बावजूद कुछ लोग चोरी छिपे अवैध कटान कर रहे थे। अब विभाग ने इस पर पूरी तरह नकेल कसने का निर्णय लिया है। डीएफओ सुशील ने बताया कि लाखों रुपये की कीमत की अवैध खैर लकड़ी ट्राले सहित पकड़ी गई है और आगे भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जंगलों को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के तहत सख्त से सख्त सजा दिलवाई जाएगी।