चंडीगढ़: हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने कहा कि लगभग 135 किलोमीटर लंबा कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेस वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत-2047’ के विजन को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा और आने वाले समय में यह राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र की पहचान तथा गौरव का प्रतीक बनेगा।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2041 की संभावित जनसंख्या और भविष्य की विकास आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए हरियाणा सरकार केएमपी एक्सप्रेसवे के दोनों ओर सिंगापुर की तर्ज पर पांच नए शहर विकसित करने के उद्देश्य से पंचग्राम विकास प्राधिकरण का गठन किया गया है।
राव नरबीर सिंह ने कहा कि केएमपी एक्सप्रेस वे हरियाणा राज्य औद्योगिक एवं आधारभूत संरचना विकास निगम (एचएसआईआईडीसी) की एक अमूल्य संपत्ति है। राज्य सरकार ने निवेश, रोजगार और आधारभूत ढांचे को नई गति देने के लिए औद्योगिक नीति में आवश्यक संशोधन किए हैं।
उद्योग मंत्री ने कहा कि हरित क्रांति का अग्रदूत रहा कृषि प्रधान हरियाणा के गुरुग्राम को आईटी हब के रूप में स्थापित बेंगलुरु और हैदराबाद को पीछे छोड़कर अपनी वैश्विक पहचान बनाई है। आने वाले समय में जब 10 नई आईएमटी विकसित होंगी, तब हरियाणा निश्चित रुप से देश की औद्योगिक क्रांति का सिरमौर बनकर उभरेगा।