नई दिल्ली: जनवरी का महीना आगे बढ़ते ही लोगों की केंद्रीय बजट को लेकर उत्सुकता भी बढ़ जाती है। पिछले कुछ सालों से हर साल 1 फरवरी को ही केंद्रीय बजट पेश किया जाता है। इस बार बजट की तारीख को लेकर खास चर्चा चल रही है क्योंकि 1 फरवरी को रविवार पड़ रहा है। रविवार होने के कारण तरह-तरह के कयास लगाए जा रहे थे हालांकि अब केंद्र सरकार ने इन सभी अटकलों पर लगाम लगा दिया है। सरकार ने केंद्रीय बजट 2026 की तारीख साफ कर दी है।
1 फरवरी को पेश होगा बजट
केंद्र सरकार ने यह साफ कर दिया है कि साल 2026 का बजट भी 1 फरवरी को ही पेश किया जाएगा। रविवार होने के बाद भी बजट में कोई भी बदलाव नहीं हुआ है। तारीख को लेकर चल रही अटकलों पर सरकार ने खुद ही फुल स्टॉप लगा दिया गया है। अब हाल ही में हुई कैबिनेट कमेटी ऑन पॉर्लियामेंट्री अफेयर्स की बैठक में बजट सत्र से जुड़ी अहम तारीखों को मंजूरी मिल गई है।
केंद्र सरकार के प्रस्ताव के अनुसार, 28 जनवरी को राष्ट्रपति को अभिभाषण होगा। 29 जनवरी को संसद में आर्थिक सर्वे पेश किया जाएगा। इसके बाद 1 फरवरी रविवार को वित्त मंत्री सीता रमण के द्वारा 2026 का बजट पेश होगा।
9वां बजट पेश करेंगी वित्त मंत्री
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण इस मौके पर नौवां बजट पेश करेगी। अब तक सीतारमण ने 2 अंतरिम और 6 पूर्ण बजट पेश किए हैं। इस बार सीतारमण बजट पेश करते ही प्रणब मुखर्जी के रिकॉर्ड के पीछे छोड़ते हुए पी. चिदंबरम के 9 बार पेश करने के रिकॉर्ड की बराबरी करेंगी। पिछले कुछ सालों में ऐसा पहली बार होने वाला है कि रविवार को बजट पेश किया जा रहा है।
पहले 28 फरवरी को होता था पेश
साल 2016 तक बजट 28 फरवरी को पेश होता था लेकिन 2017 में मोदी सरकार ने बजट को बदलकर 1 फरवरी को कर दिया गया। बजट पेश करने की तारीख को बदलने के पीछे का मकसद बजट के प्रावधानों को जल्द लागू करनेऔर नई वित्तीय वर्ष (1 अप्रैल) से पहले विधायी प्रक्रिया को पूरा करना है। इस बार का बजट खासतौर पर अर्थव्यवस्था की गति बनाए रखने पर ध्यान देना होगा। इसके साथ ही मिडिल क्लास को कुछ राहत मिलने की उम्मीद भी है।
