अमृतसरः मुख्यमंत्री पंजाब भगवंत सिंह मान के निर्देश पर मुख्य सचिव पंजाब के.ए.पी. सिन्हा ने अमृतसर जिले के अजनाला और रमदास के बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने चमियारी गांव में स्थापित राहत केंद्र में किए गए प्रबंधों का भी जायजा लिया। इस अवसर पर जल संसाधन विभाग के प्रमुख सचिव कृष्ण कुमार, राहत कार्यों के लिए पंजाब सरकार की ओर से जिले में तैनात प्रशासनिक सचिव स्तर के अधिकारी कमल किशोर यादव, वरन रूजम और बसंत गर्ग, उपायुक्त साक्षी साहनी, जिला पुलिस प्रमुख मनिंदर सिंह, एनडीआरएफ के उप कमांडर अनिल तालकुत्रा, कर्नल रॉबिन अथनी और अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
मुख्य सचिव पंजाब के.ए.पी. सिन्हा ने कहा कि पंजाब सरकार संकट की इस घड़ी में लोगों के साथ खड़ी है और हर मुश्किल में उनका साथ देगी। राहत व बचाव कार्य अभी जारी है। इसके बाद, स्थिति सामान्य होने पर मुआवजे के लिए विशेष गिरदावरी करवाई जाएगी और सभी प्रकार के नुकसान का मुआवजा दिया जाएगा। पंजाब के मुख्यमंत्री ने राहत कार्यों के लिए एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया है, जिसके बाद 3 वरिष्ठ अधिकारियों को इन कार्यों की निगरानी और मदद के लिए अमृतसर जिले में भेजा गया है। सिन्हा ने बाढ़ के पानी से घिरे गांवों में पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और लोगों से बातचीत की। उन्होंने ज़िला प्रशासन द्वारा अब तक गांवों में पहुंचाई गई राहत के बारे में लोगों की राय भी जानी। उन्होंने स्वयं कई गांवों में पहुंचकर लोगों को राहत सामग्री वितरित की और उन्हें सुरक्षित स्थानों पर आने के लिए प्रोत्साहित किया।
इसके बाद, उन्होंने जिला प्रशासन और सेना के अधिकारियों के साथ एक विस्तृत बैठक की, जिसमें बचाव एवं राहत के लिए अपनाई गई रणनीति और अब तक मिली सफलता पर खुलकर चर्चा हुई। उन्होंने सेना के जवानों, एनडीआरएफ, पुलिस और नागरिक प्रशासन द्वारा लगातार किए जा रहे कार्यों की सराहना की। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि प्रशासन प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए व्यापक प्रबंध सुनिश्चित करे और इसके लिए रेडक्रॉस के नेतृत्व में सामाजिक संगठनों के स्वयंसेवकों की भी मदद ली जाए। सिन्हा ने राहत कार्यों के लिए आगे आए समाजसेवी संगठनों का भी विशेष रूप से आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर, उपायुक्त साहनी ने कहा कि राजस्व, स्वास्थ्य, पशुपालन, जल संसाधन, ग्रामीण विकास एवं पंचायत तथा अन्य संबंधित विभागों की टीमें बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में 24 घंटे तैनात हैं और पूरी तत्परता से राहत कार्यों में लगी हुई हैं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन की प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी प्रभावित व्यक्ति को भोजन, दवा या आश्रय की कमी न हो और इसके लिए निरंतर कार्य जारी है।
जिला पुलिस प्रमुख मनिंदर सिंह ने पुलिस द्वारा किए गए प्रबंधों और सुरक्षा के साथ-साथ पुलिसकर्मियों द्वारा आम लोगों की सेवा में पूरी निष्ठा से निभाए जा रहे कर्तव्य पर प्रकाश डाला।
