चंडीगढ़ः नगर निगम के नए मेयर सौरभ जोशी की अगुवाई में आज पहली मीटिंग शुरू की गई। मीटिंग में डिप्टी मेयर सुमन शर्मा ने कुर्सी पर बैठने के बाद दूषित पानी को लेकर हंगामा शुरू हो गया। वहीं ट्यूबेल की मोटर खराब होने के मुद्दे को लेकर सीनियर डिप्टी मेयर जसमनप्रीत सिंह ने कहा कि लोग उन्हें पकड़ते हैं और अधिकारी फोन स्विच ऑफ करके बैठ जाते हैं। इस पर कमिश्नर अमित कुमार ने कहा कि वह नाम लें कि उनका फोन किस अधिकारी ने नहीं उठाया। वह अभी उन्हें सस्पेंड करेंगे।
इस पर जसमनप्रीत ने किसी का नाम नहीं लिया तो अमित कुमार ने चीफ इंजीनियर को निर्देश दिए कि वह उस एरिया के जेई और एसडीओ को सस्पेंड करें, क्योंकि सबसे पहली जिम्मेदारी जेई की ही होती है। बता दें कि मीटिंग शुरू होते ही गऊशाला का मुद्दा उठाया गया, तो कांग्रेस व AAP पार्षदों ने नारेबाजी की। इस पर निगम कमिश्नर ने कहा कि इस मामले की पहले दिन से जांच कर रहे हैं। लेकिन पार्षदों ने कहा कि वहां पर नया शुरू किया गया प्लांट बंद क्यों है। इसकी जांच में क्या सामने आया है। वह सामने लाया जाना चाहिए। इस दौरान पार्षद हाथों में गौ हत्या बंद करो के पोस्टर लेकर खडे़ हो गए।
पार्षदों ने कहा कि जब गायों की मौत हो गई थी, तो उन्हें दफनाया क्यों नहीं। इस तरह गायों को क्यों फेंका गया। इस मामले की जांच के लिए कमेटी बननी चाहिए। इस पर मेयर ने कहा हम जांच के लिए कमेटी बनाएंगे, जो इसकी जांच करेगी। पार्षद जसबीर बंटी ने कहा कि इस बार फंड बढ़कर आया है, इसके लिए बधाई हो। इस पर मेयर ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का धन्यवाद भी करना चाहिए।
मेयर ने कहा कि पीएम ने ग्रांट बढ़ाकर भेजी है। उन्होंने कहा कि सेक्टर-36 में ट्रीटेड वाटर की समस्या आ रही है। बिल तो आप ले रहे हैं, लेकिन समस्या बहुत बड़ी है। हॉर्टिकल्चर वेस्ट एक-एक सप्ताह से नहीं उठाया जा रहा है। गारबेज व्हीकल से कूड़ा नहीं उठ रहा, बल्कि रेहड़ियों से उठाया जा रहा है। हमने वाहन उपलब्ध करवा रखे हैं, तो सभी का उपयोग क्यों नहीं हो रहा है?
