कोतवालीः उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में जेवर कोतवाली क्षेत्र के खाजपुर गांव में दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) से सेवानिवृत्त एग्जीक्यूटिव इंजीनियर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। उनके बेटे ने परिवार के ही कुछ लोगों पर पीटकर हत्या करने का आरोप लगा कोतवाली में शिकायत की। हालांकि, पुलिस हार्टअटैक से मौत होने का दावा कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का सही कारण पता चल सकेगा।
जानकारी के मुताबिक मूलरूप से जेवर के खाजपुर गांव निवासी नरेंद्र सिंह 66 वर्ष दिल्ली विकास प्राधिकरण में एग्जीक्यूटिव इंजीनियर के पद से सेवानिवृत्त होने के बाद फरीदाबाद में रहते थे। नरेंद्र सिंह कई दिन पहले फरीदाबाद से खेतों में फसल की देखभाल के लिए खाजपुर गांव आए थे। बेटे विश्वेंद्र अत्री ने पुलिस को शिकायत दी कि उनके पिता रविवार रात अपने घर में सोये हुए थे। तभी गांव के पांच लोगों ने लाठी-डंड़ों से उन पर हमला कर दिया और उनकी हत्या कर दी।
पिछले 2 वर्षों से आरोपी उनके परिवार को किसी जमीन के खरीद फरोख्त में दोषी मानते हुए रंजिश रखते थे। आरोप है कि एक वर्ष पूर्व आरोपियों ने घर में खड़े ट्रैक्टर में रात के समय आग लगा दी थी। कुछ दिन पूर्व ट्रैक्टर की ट्रॉली चोरी कर गायब करा दी थी। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि उनके पिता की हत्या की गई है। वहीं, इस मामले में कोतवाली निरीक्षक संजय सिंह ने बताया कि मृतक के शरीर पर किसी तरह के चोट के निशान दिखाई नहीं दिए हैं। इस कारण हार्टअटैक की संभावना है। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने पर ही सेवानिवृत्त इंजीनियर की मौत के सही कारण की जानकारी मिलेगी। जांच की जा रही कि है जो तथ्य सामने आएंगे। उसी के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
