पठानकोटः बेमौसम बारिश ने एक बार फिर पंजाब के किसानों के लिए खतरे की घंटी बजा दी है। किसान इस समय अपनी पकी हुई गेहूं की फसल काटने की उम्मीद कर रहे थे। लेकिन पिछले 2 दिनों से जारी बारिश ने उनकी सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। खेतों में खड़ी पकी फसल बारिश की वजह से झुक रही है और डर है कि कई जगहों पर पानी जमा होने से गेहूं के दानों की क्वालिटी पर भी असर पड़ेगा।
किसानों का कहना है कि अगर यही मौसम कुछ और दिन रहा तो नुकसान बहुत बड़ा हो सकता है, जिससे उनकी साल भर की मेहनत बेकार हो सकती है। यह स्थिति इसलिए और भी गंभीर हो गई है क्योंकि पिछले साल भी बाढ़ ने किसानों को बड़ा आर्थिक झटका दिया था। अब जब किसान अपने नुकसान से उबरने की कोशिश कर ही रहे थे, तो मौसम की यह नई मार उनके लिए बड़ी मुसीबत बन गई है। मौसम विभाग की तरफ से जारी अनुमान ने चिंता और बढ़ा दी है।
अनुमान लगाया गया है कि आने वाले कुछ दिनों में भारी बारिश के साथ ओले भी पड़ सकते हैं, जो फसलों के लिए और भी नुकसानदायक साबित हो सकते हैं। इस स्थिति को देखते हुए किसानों ने सरकार से गिरदावरी की मांग की है, ताकि नुकसान का सही अंदाज़ा लगाकर उन्हें उचित मुआवज़ा दिया जा सके। किसानों का कहना है कि अगर समय पर मदद नहीं मिली, तो उनके लिए आर्थिक रूप से खड़ा होना मुश्किल हो जाएगा।