संगरूर: पंजाब के तीन युवकों का ईरान में अपहरण कर लिया गया था, जिसमें एक युवक धुरी निवासी हुसन प्रीत सिंह भी शामिल था। अब भारत सरकार की कोशिशों के बाद तीनों युवकों को सुरक्षित रिहा करवाकर स्वदेश लाया गया है। हुसन प्रीत सिंह अब सकुशल अपने घर पहुंच चुके हैं और परिवार में खुशी का माहौल है। मीडिया से बातचीत में हुसन प्रीत ने अपनी आपबीती सुनाते हुए बताया कि वह 31 अप्रैल को ईरान के मुकलावा पहुंचे थे। लेकिन महज एक दिन बाद, 1 मई को उन्हें अगवा कर लिया गया। अगवा करने वालों ने उन्हें करीब एक महीने तक बंधक बनाकर रखा। इस दौरान उन्हें बुरी तरह पीटा गया, चाकुओं से घायल किया गया और कई-कई दिन तक भूखा रखा गया।
उन्होंने बताया कि एक ट्रैवल एजेंट ने उन्हें ऑस्ट्रेलिया भेजने के नाम पर 18 लाख रुपये ऐंठे थे, लेकिन असल में उन्हें धोखे से ईरान भेज दिया गया, जहां उनका अपहरण कर लिया गया। जब यह खबर भारत में मीडिया के जरिए सामने आई, तो भारतीय दूतावास हरकत में आया। ईरानी पुलिस की मदद से तीनों युवकों को छुड़वाया गया। हुसन प्रीत की मां ने अपने बेटे की वापसी पर भावुक होते हुए कहा, “मैं बहुत खुश हूं। मेरा बेटा अब मेरे पास है। इतने दिन जैसे सांसें रुकी हुई थीं। अब चैन मिला है। उन्होंने भारत और ईरान की सरकार का आभार व्यक्त किया, जिन्होंने समय रहते कार्रवाई कर उनके बेटे की जान बचाई।