लुधियानाः जिले में उबर के किराए बढ़ाने के खिलाफ टैक्सी चालकों द्वारा विरोध किया जा रहा है। दरअसल, आज टैक्सी चालकों द्वारा हड़ताल की गई। इस मामले को लेकर टैक्सी चालकों के प्रधान कुनाल शर्मा ने कहा कि यह हड़ताल इंटरनेशल कंपनी द्वारा शोषण करने को लेकर की गई। प्रधान ने कहा कि उबर के साथ बायकाट किए जाने को लेकर आज विरोध किया जा रहा है। उबर कंपनी 42 से 100 रुपए तक राइड ले रहे है, जिनकी कोई वेल्यू नहीं है। प्रधान का कहना है कि उनकी गाड़ियों की इतनी कीमत भी नहीं है।
वहीं ई-रिक्शा में भी सवारी से 200 रुपए लिए जाते है, अगर सालम किया जाए तो 250 रुपए सवारी से लिए जाते है। टैक्सी चालकों का कहना हैकि वह घर तक सवारी को छोड़कर आते है, लेकिन इन कंपनियों के कारण अब सवारी 60 से 100 रुपए दे रही है। उन्होंने कहा कि इतने रुपए में टैक्सी गाड़ियों का खर्चा भी पूरा नहीं होता। ऐसे में प्रधान ने मुख्यमंत्री मंत्री भगवंत मान से सरकारी कंपनी को लाने की मांग की गई है।
उनका कहना हैकि सरकारी कंपनी को पंजाब में लाया जाए और वह उसका समर्थन भी करेंगे, लेकिन उबर-कंपनी का बायकाट किया जाए। दिल्ली सहित अन्य राज्यों में भी उबर का बायकाट किया गया है। प्रधान ने कहाकि भारत नगर चौक में सभी इकट्ठे होकर डीसी को उबर के खिलाफ मांग पत्र देने जा रहे है। इस दौरान उन्होंने कंपनी को चेतावनी देते हुए कहा कि एक माह तक अगर यह बंद नहीं किया गया तो वह उनके खिलाफ चक्का जाम करेंगे। वहीं बला-बला एप्प को लेकर कहा कि जल्द उसके खिलाफ भी प्रदर्शन किया जाएगा।