अमृतसरः श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के जीवन पर बनी एनिमेशन फिल्म ‘हिंद दी चादर’ की रिलीज को लेकर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के मुख्य सचिव कुलवंत सिंह मन्नन ने फिल्म के निर्माता और निर्देशक से सिख भावनाओं को देखते इसे रिलीज न करने का अनुरोध किया है।
मन्नन ने कहा कि गुरु श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के जीवन पर बावेजा मूवी प्राइवेट लिमिटेड द्वारा बनाई फिल्म में सिख सिद्धांत, इतिहास और फिल्म निर्माण की दृष्टि से कई कमियां हैं, जिसके मद्देनजर श्री अकाल तख्त साहिब के कार्यवाहक जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गरगज के आदेश पर सचिवालय श्री अकाल तख्त साहिब ने एक पत्र भेजकर फिल्म को 21 नवंबर को रिलीज न करने का आदेश दिया है।
उन्होंने कहा फिल्म देखने के बाद फिल्म घोख कमेटी ने श्री अकाल तख्त साहिब को एक रिपोर्ट भेजी थी, जिस पर सचिवालय श्री अकाल तख्त साहिब ने प्रतिबंध के संबंध में एक पत्र भेजा है। कुलवंत सिंह मन्नन ने कहा कि गुरुओं को किसी भी तरह से कल्पना या एनीमेशन के माध्यम से चित्रित करना प्रतिबंधित है और ऐसा करना सिख सिद्धांतों और श्री अकाल तख्त साहिब द्वारा जारी आदेशों का उल्लंघन है।
जब गुरुओं और उनके परिवारों से जुड़े किरदार निभाने पर प्रतिबंध है, तो ऐसी फिल्में बनाने से पहले संकोच करना चाहिए। उन्होंने कहा कि ये फिल्में सिख भावनाओं को ठेस पहुंचाने के साथ-साथ विवाद भी पैदा करती हैं। जब सिख समुदाय श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की 350वीं शताब्दी का शहीदी दिवस मना रहा है, उस समय सिख सिद्धांतों से हटकर गुरु साहिब से जुड़ी कोई एनिमेशन फिल्म रिलीज करना किसी भी तरह से जायज नहीं है।